पीएमजीएसवाई से लोनिवि को हस्तांतरित हुआ बिरमोली-सुराड़ी व चाक्यूं डोबर मार्ग खस्ताहालत में पहुंच गया है। ऐसे में क्षेत्र के लोगों को इस मार्ग से हिचकोले खाकर आवाजाही करनी पड़ रही है। रही सही कसर हाल में हुई बारिश ने पूरी कर दी है। सड़क पगडंडी में तब्दील हो गई है।
डोबर के ग्राम प्रधान प्रमोद कुमार डोबरियाल, अनिल रावत, विजेंद्र रावत, आनंद गुसाईं आदि का कहना है कि हिलोगी, बिजोली, दुधखुड़, छाम, डोबर, सिमल्या, कुंटी समेत कई गांवों के ग्रामीणों की मांग पर 15 साल पहले सरकार ने 8 किमी. बिरमोली-चाक्यूं सड़क निर्माण को स्वीकृति दी। इसके बाद वर्ष 2018 में डोबर तक 12 किमी. मार्ग का विस्तार किया गया लेकिन वर्ष 2018 से सड़क का सुधारीकरण न होने से कई जगहों पर यह पगडंडी में तब्दील हो गई। पिछले चार दिन हुई बारिश से सड़क कई स्थानों पर बदहाल है। यहां कई जगह पहाड़ी से मलबा सड़क पर आया हुआ है तो कई जगह गड्ढे हो गए हैं। उन्होंने कहा कि इस संबंध में लोनिवि लैंसडौन के अधिकारियों को बताया गया फिर भी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है।
बिरमोली-चाक्यूं-डोबर मार्ग पर आए मलबे को हटाने के लिए जेसीबी मौके पर भेजी गई है। जल्द सड़क से मलबा हटा दिया जाएगा। यह सड़क हाल में पीएमजीएसवाई से लोनिवि को हस्तांतरित हुई है। सड़क के सुधारीकरण का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। - सत्यप्रकाश राठौर, सहायक अभियंता लोनिवि दुगड्डा।