भीषण बारिश के चलते डेरियाखाल के पास धंसा दुगड्डा-लैंसडौन मोटर मार्ग।
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पहाड़ों पर बुधवार शाम को हुई मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। कई सड़कें बाधित हो गई। कोटद्वार-दुगड्डा-लैंसडौन मार्ग डेरियाखाल के पास धंस गया, जिसके चलते लैंसडौन, रिखणीखाल और बीरोंखाल क्षेत्र में भारी वाहनों की आवाजाही बंद हो गई है। लोनिवि ने किसी तरह मलबा हटाकर सड़क को छोटे वाहनों के लिए खुलवाया। सड़क धंसने और मलबा आने से डेरियाखाल के पास घंटों सड़क जाम रही।
दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। बड़े वाहन मौके पर फंसे हुए हैं। यात्रियों को पैदल आवाजाही करनी पड़ी। क्षेत्र में सुबह से हो रही मूसलाधार बारिश से शाम करीब तीन बजे दुगड्डा-फतेहपुर से डेरियाखाल के बीच आधा मार्ग धंस गया। गनीमत यह रही कि उस समय मार्ग पर कोई वाहन नहीं था।
कुछ मिनट बाद मौके पर एक रोडवेज की बस पहुंची, सड़क की हालत देखकर सवारियों के रोंगटे खड़े हो गए। इस दौरान लैंसडौन, रिखणीखाल और बीरोंखाल की ओर से आने वाले वाहनों की कतार लग गई। करीब एक घंटे बाद लोनिवि की जेसीबी ने मलबा हटाकर मार्ग को छोटे वाहनों के चलने लायक बनाया। रोडवेज समेत कई बड़े वाहन मौके पर ही फंसे हुए हैं।
उधर, सतपुली में बुधवार दोपहर एक बजे से हुई मूसलाधार बारिश भारी मुसीबतें लेकर आई।
दो घंटे से अधिक समय तक चली बारिश से उफान पर आए डिग्री कालेज गदेरे में भारी मात्रा में मलबा आने से सतपुली-कांसखेत मोटर मार्ग यातायात के लिए बंद हो गया। मार्ग पर जा रहे वाहन मलबे की चपेट में आकर वहीं फंस गए।
गदेरे के दोनों ओर दर्जनों वाहन फंस गए। बारिश के पानी के साथ मलबा आने से कस्बे की नालियां चोक हो गई, जिससे पानी सड़कों पर बहने लगा। कई दुकानों में पानी घुस गया। कस्बे की मुख्य सड़क एवं गलियों में पानी-पानी होने से लोगों को भारी मुसीबतों का सामना करना पड़ा।