तेज बारिश से गेहूं की फसल लेटी, पर्वतीय क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड शुरू
कोटद्वार भाबर और निकटवर्ती पर्वतीय क्षेत्रों में सुबह से हो रही झमाझम बारिश ने जनजीवन प्रभावित कर दिया। सड़कों पर जलभराव से लोग परेशान रहे, वहीं बे मौसमी बारिश ने गेहूं की फसल को बुरी तरह से नुकसान पहुंचा दिया है। हाईवेे पर आए मलबे से एक घंटा मार्ग जाम रहा। पर्वतीय क्षेत्रों में एक बार फिर से कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है।
शनिवार को सुबह से ही आसमान बादलों से घिरा रहा। दोपहर बाद 2:00 बजे अचानक मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। करीब चार घंटे तक चली बारिश ने नगर निगम की सफाई व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी। नालियां चोक होने के कारण सड़कों पर जलभराव हो गया। जिसके कारण देवी रोड, स्टेशन रोड, बदरीनाथ रोड, गोविंदनगर, बलभद्रपुर, पदमपुर रोड, जॉनपुर में जलभराव हो गया। सड़कों का जमा पानी कई घरों में घुस गया। वहीं तेज हवा के साथ बारिश ने कोटद्वार, भाबर और सनेह क्षेत्र में गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया। बारिश के कारण गेहूं की फसल लेट गई। जिसके कारण किसानों को अपनी फसल की चिंता सताने लगी है। कोटद्वार-पौड़ी हाईवे पर पांचवें मील पर पहाड़ी से मलबा गिर जाने से हाईवे करीब एक घंटे तक बाधित रहा। एनएच विभाग की जेसीबी ने किसी प्रकार मलबा को हटाकर हाईवे को यातायात के लिए खोला।
वहीं लैंसडौन, धुमाकोट, सतपुली, जयहरीखाल, बैजरों और दुगड्डा में तेज बारिश के साथ ओले गिरने से कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है। शनिवार को सुबह से बारिश के कारण क्षेत्र के बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा।