कोरोना वायरस से बढ़ते खतरे को देखते हुए कोटद्वार रेलवे स्टेशन पर भी सतर्कता बरती जाएगी। बुधवार से कोटद्वार रेलवे स्टेशन पर पहुंचने वाली प्रत्येक ट्रेन को सेनिटाइज किया जाएगा। इसके लिए नगर निगम की ओर से रेलवे स्टेशन को मशीन भी दी जा रही है।
कोटद्वार रेलवे स्टेशन अधीक्षक मनोज रावत ने बताया कि कोटद्वार में यात्रियों और प्रवासियों को अधिक दबाव रहता है। रोजाना ट्रेन से दिल्ली और यूपी से सैकड़ों लोग कोटद्वार पहुंचते हैं। लैंसडौन, पौड़ी, श्रीनगर समेत अन्य पर्वतीय क्षेत्रों के लोग दिल्ली आने जाने के लिए ट्रेन से ही सफर करते हैं। ऐसे में ट्रेनों पर सतर्कता बरती जानी जरूरी है। इस संबंध में नगर निगम से वार्ता हुई है। बुधवार से रेलवे स्टेशन पर सभी ट्रेनों को सेनिटाइज किया जाएगा। सीटों, हैंडल, ट्रेन में चढ़ने के लिए लगाए गए सपोटर को अच्छे से साफ किया जाएगा। वहीं नगर आयुक्त/एसडीएम कोटद्वार योगेश मेहरा का कहना है कि रेलवे स्टेशन पर छिड़काव के लिए मशीन दी जाएगी, लेकिन छिड़काव कर सेनिटाइज कराने की व्यवस्था स्वयं रेलवे अधिकारियों की होगी।
महिलाओें ने दिया कैंट सीईओ को ज्ञापन
लैंसडौन। कोरोना वायरस से बचाव के लिए सामाजिक संस्था स्वर की महिला पदाधिकारियों ने छावनी परिषद के मुख्य अधिशासी अधिकारी भूपति रोहित से मुलाकात की और ज्ञापन दिया। संस्था अध्यक्ष ऊषा नैथानी, सदस्य लता खंडेलवाल, रजनी वर्मा ने कहा कि नगर में लगातार पर्यटकों के आने का सिलसिला जारी है। नगर में कई जगह पर्यटकों का जमावड़ा लगा रहता है, जबकि कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए भीड़भाड़ वाले इलाकों में न जाने की एडवाइजरी जारी की गई है। उन्होंने लैंसडौन आने वाले पर्यटकों की मेडिकल जांच के बाद ही छावनी नगर में प्रवेश करने देने, पर्यटकोें की संख्या को सीमित करने, पर्यटकों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए डेरियाखाल टोलबार में छावनी चिकित्सालय, सैन्य चिकित्सालय, राज्य सरकार के चिकित्सकों की संयुक्त टीम का गठन करने, नगर में कोरोना बचाव से संबंधित मार्गदर्शिका लगाने, पर्यटक स्थलों पर भीड़ को नियंत्रित करने की योजना बनाने की मांग की।