कोटद्वार। तहसील चौबट्टाखाल के पटवारी सर्किल किमगड्डीगाड-2 के अंतर्गत उत्तराखंड ग्रामीण बैंक की गवाणी शाखा में 1.29 करोड़ की धनराशि के गबन का मामला प्रकाश में आया है। राजस्व पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर मामले में आरोपी तत्कालीन शाखा प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। मामले की जांच राजस्व पुलिस कर रही है।
उत्तराखंड ग्रामीण बैंक के अधिवक्ता अंकित अग्रवाल ने बताया कि बैंक की गवाणी शाखा के तत्कालीन प्रबंधक सुमित गौतम ने नवंबर, 2022 व दिसंबर, 2022 में अपने ही बैंक में 1,29, 56,788 रुपये गैरकानूनी रूप से अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए। उन्होंने उक्त धनराशि अपने निजी प्रयोग में लेकर गबन किया। बैंक के साथ धोखाधड़ी व विश्वासघात के इस मामले की विभागीय जांच भी हुई। जिसमें बैंक के उच्चाधिकारियों ने गवाणी शाखा में ऋणों की अप्रत्याशित वृद्धि की बात कही। जांच में गबन की पुष्टि होने पर उच्चाधिकारियों ने तत्कालीन शाखा प्रबंधक सुमित गौतम को निलंबित कर दिया और मामले में राजस्व पुलिस को तहरीर दी। मामले में काफी दिनों तक रिपोर्ट दर्ज न होने पर उनके द्वारा न्यायिक मजिस्ट्रेट लैंसडौन के न्यायालय में याचिका दायर की गई। कोर्ट ने बीते जून माह में याचिका स्वीकार कर ली। कोर्ट के आदेश पर राजस्व पुलिस ने 26 जून को निलंबित शाखा प्रबंधक सुमित के खिलाफ सरकारी धन के धोखाधड़ी व गबन की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पटवारी सर्किल किमगड्डीगाड-2 के राजस्व उपनिरीक्षक शिवदत्त नौटियाल ने बताया कि मामले की जांच अंतिम चरण में है। मुख्य गवाह के बयान दर्ज करने के बाद निलंबित शाखा प्रबंधक के खिलाफ कोर्ट में आरोपपत्र दाखिल किया जाएगा।