त्योहारी सीजन में अवैध रूप से जंगलों में प्रवेश करने वालों पर सख्त नजर, लैंसडौन वन प्रभाग और केटीआर के वन कर्मियों ने की लंबी दूरी की गश्त
दुगड्डा/कोटद्वार। कार्बेट टाइगर रिजर्व (सीटीआर) और राजाजी टाइगर रिजर्व (आरटीआर) के बीच के गलियारे लैंसडौन वन प्रभाग के दुगड्डा रेंज और इससे सटे कालागढ़ टाइगर रिजर्व वन प्रभाग (केटीआर) में त्योहारी सीजन को देखते हुए वन विभाग अलर्ट मोड पर है। विभागीय अधिकारी और कर्मचारी सामूहिक रूप से लंबी दूरी की गश्त कर रहे हैं।
लैंसडौन वन प्रभाग में पांच रेंज लालढांग, कोटद्वार, लैंसडौन, कोटड़ी व दुगड्डा हैं। वन प्रभाग का दुगड्डा और कोटड़ी रेंज यूपी की सीमा से लगी है। दुगड्डा रेंज का नौडी़ वन क्षेत्र वन एवं वन्यजीवाें के साथ ही प्रकृति की अनमोल छटा के लिए भी विख्यात है। त्योहारी सीजन के दृष्टिगत इस क्षेत्र में वन्यजीवों के शिकार की आशंका में लंबी दूरी की गश्त की जाती है। बीते एक सप्ताह से रेंज के अधिकारी ओर कर्मचारी समूचे नौड़ी क्षेत्र में सामूहिक गश्त कर रहे हैं। रेंज अधिकारी उमेश जोशी ने बताया कि डीएफओ के निर्देश पर लंबी दूरी की गश्त की जा रही है। इसके अलावा सभी संवेदनशील इलाकों में नजर रखी जा रही है। कोई भी व्यक्ति अवैध रूप से वन क्षेत्र में प्रवेश करता पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
टीम लीडर उप वन राजिक अमर सिंह के नेतृत्व में वन कर्मियों ने मोड़ाखाल क्रू स्टेशन से बीते चार अक्तूबर को लंबी दूरी की गश्त शुरू की। टीम नौड़ी, बसईंखान, औग्यूं चौकी, ढिमकी होते हुए चौखम पहुंची। एक दिन चौखम में विश्राम व निगरानी के बाद यह टीम मोड़ाखाल लौटी। टीम में वन बीट अधिकारी रामतेज तिवारी, आयुष बिष्ट, सहदेव सिंह, फायर वाचर आदि शामिल रहे। उधर, केटीआर वन प्रभाग की टीम भी यूपी से सटे क्षेत्र में निरंतर पैट्रोलिंग पर हैं।