मनरेगा कर्मियों को उचित मानदेय देने और हिमाचल की तर्ज पर राज्य कर्मचारी घोषित किए जाने की वकालत करते हुए महिला कांग्रेस की प्रदेश महामंत्री रंजना रावत ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र भेजा है।
प्रदेश महामंत्री रंजना रावत ने कहा कि पुष्कर सिंह धामी सरकार से उम्मीद है कि वे राजनीतिक विचारधारा और पार्टी पॉलिटिक्स से ऊपर उठकर राज्य के सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखकर कार्य करेंगे। मनरेगा कर्मियों की समस्याओं को उठाते हुए कांग्रेस नेत्री ने कहा कि वर्ष 2008 में एक एनजीओ द्वारा मनरेगा कर्मियों की नियुक्ति ठेकेदारी प्रथा पर की गई थी। सरकार ठेकेदार को पेमेंट करती है और फिर ठेकेदार मनरेगा कर्मियों को मानदेय देता है। इसका मनरेगा कर्मी लगातार विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में 200 मनरेगा श्रमिकों पर एक मनरेगा कर्मी की नियुक्ति की गई है। इस मानक को कम करके मनरेगा कर्मियों की संख्या बढ़ाने की आवश्यकता है।