कोटद्वार। झंडाचौक स्थित गोल्ड के बदले लोन देने वाली एक फाइनेंस कंपनी के ग्राहकों ने सोमवार को कंपनी के कार्यालय में हंगामा काटा। लोगों का आरोप है कि उनके द्वारा लोन चुकता करने के बाद भी उनको उनका सोना वापस नहीं लौटाया जा रहा है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने लोगों को किसी तरह शांत करवाया। पुलिस ने फाइनेंस कंपनी के अधिकारियों को अगले दो-तीन दिन में मामला न निपटाने पर कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की चेतावनी दी है।
सोमवार को झंडाचौक स्थित एक फाइनेंस कंपनी कार्यालय में उस समय लोगों ने हंगामा काटना शुरू कर दिया, जब उनके द्वारा सोना रखने के बाद दिए गए लोन को लौटाने पर भी उनका सोना वापस नहीं दिया गया। बालाजी मंदिर के पुजारी जानकी प्रसाद का आरोप है कि उन्होंने कंपनी में गोल्ड गिरवी रखकर लोन लिया था। फरवरी 2018 में उन्होंने लोन चुकता कर दिया। फाइनेंस कंपनी के कर्मियों ने उन्हें बताया कि उनका गोल्ड किसी और के नाम ट्रांसफर हो गया है। एक सप्ताह के भीतर उनका सोना वापस करने का भरोसा दिया गया। 22 सितंबर को वह एक बार फिर कंपनी पहुंचे तो कंपनी के कर्मचारियों ने उन्हें एक सप्ताह का समय दिया। सोमवार को भी जब उन्हें उनका सोना वापस नहीं किया गया तो मजबूरन उन्हें इसकी शिकायत पुलिस को करनी पड़ी। वहीं बीना भाटिया ने बताया कि वह अपना सोना वापस लेने के लिए गत चार माह से कंपनी के चक्कर काट रही हैं, लेकिन उन्हें भी अभी तक सोना वापस नहीं किया गया। रामनगर कालोनी कौड़िया निवासी बीना देवी ने बताया कि उन्होंने दो मंगलसूत्र गिरवी रखकर लोन लिया था, लेकिन अब कंपनी उन्हें एक ही मंगलसूत्र दे रही है। सोना नहीं दिए जाने की खबर फैलने के बाद अन्य लोग भी कंपनी के कार्यालय पहुंच गए।
बाजार चौकी इंचार्ज रवींद्र नेगी ने बताया कि कंपनी के कर्मचारियों को मामले के निपटाने के लिए तीन दिन का समय दिया गया है। यदि मामले का निपटारा नहीं होता है तो कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
उधर, कंपनी के रीजनल हेड जसपाल मान ने कहा कि पुराने स्टाफ ने कंपनी में धांधली की थी। मामला प्रकाश में आने के बाद कर्मचारियों को निकाल दिया गया है। लोगों की शिकायत के अनुसार उनके गोल्ड के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है। कंपनी जल्द ही लोगों को उनका सोना वापस कर देगी।