कोटद्वार/लैंसडौन। लैंसडौन तहसील के ल्वींठा (मठाली) गांव में शौचालय निर्माण में धांधली का विरोध करने पर बुधवार सुबह हुई बुजुर्ग की हत्या मामले में आखिरकार घटना के तीसरे दिन शुक्रवार को राजस्व पुलिस ने ग्राम प्रधान, उसके पिता और भाई के खिलाफ हत्या और आपराधिक षड्यंत्र रचने का मुकदमा दर्ज कर लिया है। राजस्व पुलिस की टीम के गांव में पहुंचने की भनक लगते ही तीनों नामजद आरोपी घर से फरार हो गए हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए राजस्व पुलिस की टीम ने गांव और आसपास के क्षेत्रों में डेरा डाल लिया है। राजस्व पुलिस ने यह मुकदमा मृतक के बेटे महेंद्र सिंह की तहरीर पर दर्ज किया है।
लैंसडौन के प्रभारी नायब तहसीलदार कुलदीप सिंह रावत ने बताया कि मृतक प्रेम सिंह के बेटे महेंद्र सिंह की तहरीर पर शुक्रवार को पटवारी सर्किल तल्ला बदलपुर तीन के राजस्व उपनिरीक्षक अशोक जोशी ने मठाली के प्रधान महिपाल, उसके पिता आनंद, भाई दीपक सिंह के खिलाफ हत्या और आपराधिक षड्यंत्र रचने का केस दर्ज कर लिया है। मामले के तीनों नामजद आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए राजस्व पुलिस ने कई स्थानों पर दबिश दी है, लेकिन तीनों राजस्व पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सके। आरोपियों के गांव और आसपास के संभावित स्थलों पर मुखबिरों का जाल बिछा दिया गया है। सूचना मिलते ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
मृतक के बेटे महेंद्र सिंह ने राजस्व पुलिस को बताया कि पांच दिसंबर की शाम गांव में जीत सिंह के बच्चे की नामकरण पार्टी थी। इस दौरान उनके पिता प्रेम सिंह ने शौचालयों के निर्माण में धांधली और पैसे लिए जाने का मामला उठाया था। तब प्रधान महिपाल, उसके पिता आनंद और भाई दीपक ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी थी। पार्टी में नामजद आरोपियों ने उनके पिता को जान से मारने की धमकी भी दी थी। छह दिसंबर की सुबह जैसे ही उसके पिता काम पर गए, रास्ते में आरोपियों ने लाठी-डंडों से उनके सिर पर कई प्रहार किए, जिससे वह गंभीर रूप से जख्मी हो गए। छह दिसंबर की रात ही उपचार के दौरान कोटद्वार के सरकारी अस्पताल में प्रेम सिंह ने दम तोड़ दिया। लैंसडौन के एसडीएम सोहन सिंह सैनी ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित कर दी गई है। सभी संभावित स्थलों पर दबिश दी जा रही है।