लैंसडौन में उमड़ती पर्यटकों की भीड़ और उड़ रही कोरोना गाइड लाइनों की धज्जियों को देखते हुए लैंसडौन प्रशासन सख्त हो गया है। प्रशासन ने संयुक्त टीम बनाकर नियमों का पालन नहीं करने वाले पर्यटकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है।
शनिवार शाम को राजस्व विभाग, छावनी परिषद एवं कोतवाली लैंसडौन की ओर से संयुक्त रूप से विभिन्न स्थानों में मास्क नहीं पहनने एवं सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन न करने वाले पर्यटकों के विरुद्ध चेकिंग अभियान चलाया। चेकिंग अभियान में कोरोना नियमों का उल्लंघन करने वाले 120 पर्यटकों के चालान काटकर 47 हजार 200 रुपये वसूले।
उपजिलाधिकारी अपर्णा ढौंडियाल ने बताया कि टीम द्वारा लैंसडौन क्षेत्र अंतर्गत समस्त व्यापारिक प्रतिष्ठानों होटलों में आने वाले पर्यटकों की आरटीपीसीआर की नेगेटिव रिपोर्ट के संबंध में जांच की गई। उन्होंने समस्त प्रतिष्ठानों को बिना आरटीपीसीआर नेगेटिव रिपोर्ट के किसी भी पर्यटक को अपने होटल रिजॉर्ट में प्रवेश नहीं कराने के सख्त निर्देेश दिए। कहा कि कोरोना नियमों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। अभियान में उपजिलाधिकारी अपर्णा -ढौंडियाल, छावनी परिषद की मुख्य अधिशासी अधिकारी शिल्पा ग्वाल, कोतवाल संतोष सिंह कुंवर, सहित राजस्व, छावनी विभाग और पुलिस के अन्य सदस्य मौजूद रहे।
लैंसडौन में उमड़ी पर्यटकों की भीड़, व्यापारियों के खिले चेहरे
लैंसडौन। कोरोना काल में पर्यटन को मिली छूट के बाद लैंसडौन और निकटवर्ती क्षेत्र पर्यटकों से पूरी तरह से गुलजार हो गया है। वीकेंड पर उमड़ी पर्यटकों की भीड़ से जहां व्यापारियों के चेहरे खिल गए हैं, वहीं पर्यटकों की लापरवाही के चलते कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा भी बना हुआ है।
शनिवार शाम और रविवार सुबह से ही लैंसडौन, डेरियाखाल, जयहरीखाल, गुमखाल, हनुमंती, दुगड्डा आदि क्षेत्रों में बने होटल और रिजार्ट पूरी तरह से फुल हो गए। लंबे समय बाद पर्यटन के खुलने से लैंसडौन की रौनक बढ़ गई है। इस दौरान मंदी की मार झेल रहे व्यापारियों के चेहरे खिल गए हैं। पर्यटक बाजार में जमकर खरीदारी कर रहे हैं और वादियों का जमकर आनंद उठा रहे हैं।
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मैदानी रूटों के लिए नहीं मिली बसें
कोटद्वार। यूपी उत्तराखंड बॉर्डर पर जाम के चलते बसों के अभाव में यात्रियों को बस अड्डे और नजीबाबाद चौराहे पर घंटों इंतजार करना पड़ा।
वीकेंड पर सुबह से ही मैदानी और पर्वतीय आवाजाही करने के लिए बस अड्डे पर यात्रियों की खासी भीड़ रही। कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर को देखते हुए यूपी उत्तराखंड बॉर्डर पर आरटीपीसीआर जांच शुरू कर दी गई है, जिससे रविवार को बॉर्डर पर जाम लगा रहा। जाम के चलते मैदानी क्षेत्रों से आने वाली बसें जाम में फंसी रही, जिससे लोगों को मैदानी रूटों पर समय पर बसें नहीं मिल पाई। उत्तराखंड परिवहन निगम के कोटद्वार डिपो से रविवार को दिल्ली के लिए 14 बसें संचालित की गई। संवाद