कोटद्वार। न्यायिक मजिस्ट्रेट कोटद्वार की अदालत ने चेक बाउंस के एक मामले में आरोपी को दोष सिद्ध पाते हुए छह माह के साधारण कारावास और 6 लाख 60 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा न करने पर अभियुक्त को तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भोगना होगा। न्यायालय ने अभियुक्त के बंधपत्र और जमानतें निरस्त कर आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजने के आदेश दिए हैं।
परिवादिनी के अधिवक्ता आशुतोष कंडवाल और प्रकाश सिंह नेगी ने बताया कि कामरूप नगर सिताबपुर निवासी नीलम पंवार पत्नी प्रदीप पंवार की आरोपी नाजिम राजा पुत्र अमजद अली मालगोदाम रोड कोटद्वार से जान पहचान थी। जनवरी 2016 में आरोपी ने उन्हें एक प्लाट दिखाया था और प्लाट खरीदवाने के एवज में आरोपी ने उससे पांच लाख रुपये बयाने के तौर पर दिए थे। अभियुक्त ने 2 अप्रैल 2016 को उक्त धनराशि लौटाने के लिए एचडीएफसी बैंक शाखा कोटद्वार का एक चेक दिया। उन्होंने चेक को अपने बैंक आईडीबीआई की शाखा में अपने खाते में दिया, जो 30 अप्रैल 2016 को बाउंस हो गया। उन्होंने आरोपी को नोटिस प्रेषित किए, लेकिन इसके बाद भी आरोपी ने उसे धनराशि नहीं लौटाई। मजबूर होकर उन्हें न्यायालय की शरण लेनी पड़ी।
न्यायिक मजिस्ट्रेट कोटद्वार शिखा भंडारी ने दोनों पक्षों की दलीलें और पत्रावलियों पर साक्ष्य के आधार पर आरोपी नाजिम राजा को दोषसिद्ध पाते हुए उसे छह माह के साधारण कारावास और 6 लाख 60 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा न करने पर अभियुक्त को तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भोगना होगा।