तीन दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश के कारण आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। रविवार को पर्वतीय क्षेत्र में बारिश के कारण मलबा आने से लोनिवि की 10 सड़कें और पीएमजीएसवाई की 13 सड़कें बंद हो गई हैं। ऐसे में इन सड़कों से जुड़े दर्जनों गांवों के लोगों को कई किमी पैदल चलकर गंतव्य तक पहुंचना पड़ रहा है। संबंधित विभागों की ओर से जेसीबी लगाकर बंद मार्गों को खोलने के प्रयास किए जा रहे हैं।
प्रांतीय खंड लैंसडौन के अंतर्गत पाणीसैंण-डबराड-बूथानगर ग्रामीण मार्ग दो किमी पर पुश्ता ढहने के कारण छह जुलाई से बंद है। इसके अलावा देवीखेत-स्यालना मार्ग, नोडखाल-नांद मार्ग, सिमल्या-कफल्डी मार्ग, कंदोेली-मोली-पास्ता मार्ग, सतपुली-दुुधारखाल-धारकोेट मुख्य जिला मार्ग मलबा आने के कारण बंद रहे।
उधर ग्राम प्रधान डेरियाखाल रजनी रावत, पिंकी देवी, रामेेश्वर सिंह, लता देवी ने बताया कि लैंसडौन-डुमैला मार्ग लैंसडौन और डेरियाखाल केे बीच तीन जगहों पर गत नौ जुलाई से मलबा आने से बंद है। लोनिवि केे अधिशासी अभियंता प्रेम सिंह बिष्ट नेे बताया कि सड़कों पर यातायात सुचारु करने के लिए जेसीबी लगाई गई हैं। वहीं पीएमजीएसवाई सिंचाई खंड कोटद्वार के अंतर्गत नालीखाल-भरपूर मोटर मार्ग, तिमलियाणी मोटर मार्ग समेत कई सड़कें मलबा आने से बंद हैं।