कोटद्वार। क्षेत्र में दिन के समय तेज धूप तो खिल रही है, लेकिन पहाड़ों पर बर्फबारी का असर भी दिख रहा है। धूप के साथ ही सुबह व शाम के समय ठंडी हवा चलने से मौसम परेशान कर रहा है। मौसम से तालमेल नहीं बना पाने वाले लोग बीमार हो रहे हैं। इस मौसम का बच्चों पर ज्यादा असर दिख रहा है। बेस अस्पताल में रोजाना करीब 200 बच्चों को उपचार के लिए लाया जा रहा है।
बेस असपताल में बुधवार को बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. हरेंद्र कुमार एवं डॉ. कुसुमा रावत की ओपीडी में बीमार बच्चों को लेकर पहुंचे परिजनों की काफी भीड़ थी। इनमें ज्यादातर बच्चे मौसम के उतार-चढ़ाव के कारण शीत के प्रभाव, खांसी, बुखार आदि से ग्रसित थे, जबकि कुछ बच्चों में डायरिया की भी शिकायत मिली। वहीं कुछ वयस्क लोग भी मौसम से तालमेल न बना पाने के कारण बीमार होकर उपचार कराने पहुंचे थे। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. हरेंद्र कुमार ने बताया कि रोजाना 150 से ज्यादा बच्चे उपचार के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं। कुछ बच्चों में डायरिया की शिकायतें मिल रही हैं। इस मौसम में नवजात और कम उम्र के बच्चों की ज्यादा देखभाल की जरूरत है।
समय एक, जगह एक, पहनावा अलग
उठापटक के बीच मौसम से तालमेल बनाने के लिए लोग अपने स्तर से सावधानी भी बरत रहे हैं। एक समय में एक ही जगह पर लोग अलग-अलग ड्रेस लुक यानि टीशर्ट, कमीज और स्वेटर पहने हुए नजर आ रहे हैं। इस पहनावे को देखकर कौतूहल की स्थिति बनी है। लेकिन चिकित्सक इसे बेहतर मानते हैं। चिकित्सक मानते हैं कि शरीर की आवश्यकता के अनुसार ही कपड़े पहने जाएं, तो बेहतर है।