हरिद्वार। हरियाणा में चल रहे जाट आंदोलन का खौफ दिखाकर जर्मन के एक परिवार को हरिद्वार भेजने के नाम पर ठगी कर ली गई। दिल्ली के ट्रेवल्स एजेंट ने कार के किराये के नाम पर 16,300 ले लिए। यहां पहुंचे जर्मन परिवार को जब हकीकत पता चला कि तब अर्द्धकुंभ के बेलवाला थाने में शिकायत दर्ज कराई। बेलवाला पुलिस ने मामले को नगर कोतवाली ट्रांसफर कर दिया है।
जर्मन के जोरी हेनरीज हेमपल अपने परिवार के साथ 25 फरवरी को दिल्ली पहुंचे थे। उन्हें दिल्ली से हरिद्वार आना था। वे जब रेलवे स्टेशन पर शताब्दी ट्रेन का इंतजार कर रहे थे तब एक युवक उनके पास पहुंचा। कहा कि शताब्दी ट्रेन जाट आंदोलन के चलते दिल्ली से नहीं जाएगी। इसलिए वे टैक्सी से चले जाए। जर्मन परिवार ने विश्वास कर लिया। वे किराये की टैक्सी लेकर यहां आ गए। यहां पहुंचने पर पता चला कि उनसे किराये के नाम पर ठगी कर ली गई है। अलकनंदा होटल में ठहरे जर्मन परिवार ने अर्द्धकुंभ के बेलवाला थाने पहुंचकर निरीक्षक पीसी मठपाल को पूरे मामले से अवगत कराया। निरीक्षक ने जब टैक्सी चालक से पूछताछ की तो उसने बताया कि उसे तो केवल साढ़े तीन हजार रुपये मिले थे, बाकी रकम ट्रेवल्स एजेंट ने ली है। निरीक्षक ने पूरे मामले की लिखित शिकायत लेकर जांच के लिए नगर कोतवाली भेज दी। एसएसआई विद्याभूषण सिंह नेगी ने बताया कि मामले की जांच कर रहे है। एक पुलिस टीम दिल्ली भेजी जाएगी।