महाकुंभ में कोविड जांच फर्जीवाड़े के विरोध में मेयर अनीता शर्मा ने शुक्रवार को पैदल मार्च निकालकर प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। साथ ही उन्होंने फर्जीवाड़े की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग उठाई।
मेयर के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता शिवमूर्ति चौक से पैदल मार्च कर सुभाष घाट पहुंचे। यहां मेयर ने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं तत्कालीन कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक और प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। अनीता शर्मा ने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। महाकुंभ में कोविड जांच फर्जीवाड़े ने प्रदेश की छवि दुनिया के सामने खराब की है। इसकी उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। मेयर प्रतिनिधि अशोक शर्मा ने कहा कि सरकार ने कोविड जांच के नाम पर जन स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किया है। फर्जीवाड़े से भाजपा का चाल, चरित्र और चेहरा सामने आ गया है। सरकार और उसके करीबी लोगों ने आपदा में अवसर ढूंढा है। पार्षद अनुज सिंह, राजीव भार्गव, सोहेल कुरैशी ने कहा कि भाजपा को सत्ता में रहने का कोई अधिकार नहीं है।
अभी कई घोटाले सामने आएंगे। अनुसूचित विभाग के जिलाध्यक्ष सुनील कुमार, पार्षद जफर आबादी, पूर्व पार्षद अमन गर्ग ने कहा कि महाकुंभ कार्यों का उच्च स्तरीय ऑडिट कराया जाए। इस अवसर पर संगम शर्मा, सुमित भाटिया, नीलम शर्मा, विकास चंद्रा, जगदीप असवाल, वसीम सलमानी, नावेज अंसारी, हरद्वारी लाल, मनोज जाटव, विक्की कोरी, पार्षद हाजी शाहबुद्दीन, प्रेम शर्मा, देवेश गौतम, कुशलपाल, अमन राठौर, जाफिर अंसारी, रजत कुमार, विवेक वालिया, कपिल शर्मा, विशाल आदि मौजूद रहे।