बीएचईएल हरिद्वार ने आठ सौ मेगावाट का सुपर क्रिटिकल जनरेटर का उत्पादन कर एक और उपलब्धि हासिल की है । संस्थान के हीप इकाई के कार्यपालक निदेशक प्रकाश चंद ने शनिवार को इस जनरेटर को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह जनरेटर नेशनल थर्मल पॉवर कार्पोरेशन (एनटीपीसी) के गदरवारा थर्मल पावर प्रोजेक्ट के लिए भेजा गया है।
कार्यपालक निदेशक प्रकाश चंद ने इस उपलब्धि को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मेक इन इंडिया कार्यक्रम की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि यह संस्थान के सभी कर्मचारियों की मेहनत एवं लगन का नतीजा है । उन्होंने कहा कि सुपर क्रिटिकल जनरेटर के निर्माण में उच्च तकनीकी दक्षता तथा कौशल जरूरी होता है और इस जनरेटर का सफलतापूर्वक निर्माण कर बीएचईएल हरिद्वार ने अपनी तकनीकी दक्षता साबित कर दी है ।
यह जनरेटर एनटीपीसी के लिए भारत में बनने वाले जनरेटर्स में सबसे अधिक क्षमता वाला है और सबसे अधिक वोल्टेज 27 केवी पर विद्युत उत्पादन करता है । अति आधुनिक तकनीक से निर्मित 800 मेगावाट जनरेटर में कॉपर की जगह स्टील के हॉलो कंडक्टर्स का प्रयोग किया गया है । इसका डिजाइन, निर्माण तथा टेस्टिंग का काम पूरी तरह से हरिद्वार इकाई में ही किया गया है । इसके ट्रांसपोर्टेशन के लिए विशेष चौडाई वाले 16 लाइनों के एक्सल का प्रयोग किया गया है और रास्ते के पुलों को पार करने के लिए भी अत्याधुनिक तकनीक वाले गर्डर ब्रिज पर ले जाया जाएगा । इस अवसर पर महा प्रबंधक आरयू प्रसाद, आईजेएस संधू समेत कई वरिष्ठ अधिकारी यूनियन एवं एसोसिएशन के प्रतिनिधि मौजूद रहे।