ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार
भीमगोड़ा के भीमकुंड में गंगाजल पहुंचाने वाली टनल फिर खतरे में हैं। शुक्रवार को जेसीबी से खुदाई का काम शुरू हो गया है। टनल के मद्देनजर क्षेत्र के कुछ लोगों ने हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण के अधिकारी को सूचना दी तो उन्होंने यह कहते हुए पीछा छुड़ा दिया कि नगर निगम ने एनओसी दी है। जबकि पूर्व में लोगों की शिकायत एचआरडीए सचिव ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए खुदाई रुकवा दी थी। तब कई नेता भी विरोध में आगे आए थे। आरोप है कि मिलीभगत होने से सभी शांत हो गए हैं। मुरली नौटियाल ने बताया कि सिंचाई विभाग के अधिकारी को सूचना दी गई तो उन्होंने कह दिया कि शनिवार को निरीक्षण किया जाएगा। भीमकुंड को क्षति पहुंची तो कार्रवाई की जाएगी। सिंचाई खंड ने टनल, कुंड की सफाई और मरम्मत के लिए 20 लाख रुपये की योजना तैयार की गई है। जेसीबी से की जा रही खुदाई से महाभारतकालीन भीमकुंड की टनल के टूटने से कुंड में गंगाजल आना बंद हो जाएगा।