लोहाघाट (चंपावत)। विकासखंड बाराकोट के च्यूरानी गांव के पुनई तोक में पेयजल के लिए हाहाकार मचा हुआ है। 24 दिनों से नलों में पानी न टपकने से ग्रामीण चार से पांच किमी दूर गधेरों से पानी ढोने को मजबूर हैं। शिकायत के बावजूद जल संस्थान की ओर से पेयजल योजना सही न करने से गुस्साए लोगों ने प्रदर्शन किया। पेयजल से त्रस्त ग्रामीणों ने शीघ्र पेयजल योजना ठीक न होने पर गांव से पलायन की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों का कहना था बारिश के कारण 24 दिन पूर्व उनके तोक की पेयजल योजना ध्वस्त हो चुकी है। इस तोक में करीब 45 परिवार रहते हैं, जो गंभीर पेयजल संकट झेल रहे हैं। ग्रामीण लगातार जल संस्थान से पेयजल योजना को सही करने की मांग करते आ रहे हैं, लेकिन विभाग की ओर से उनकी समस्या की ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें पांच किमी दूर गधेरों से पानी लाना पड़ रहा है। गधेरों में भी तेंदुए का खतरा बना रहता है।
ग्रामीणों ने कहा कि जलसंस्थान कर्मियों की ओर से उन्हें रोजाना बाराकोट बुलाकर काम भी करवाया जा रहा है, जिसकी उन्हें मजदूरी भी नहीं दी जा रही है। कहा कि यदि इसी प्रकार उनकी अनदेखी की गई तो वह गांव से पलायन करने को मजबूर होंगे। जल संस्थान के सहायक अभियंता पवन बिष्ट ने बताया कि ग्रामीण श्रमदान के तहत कार्य कर रहे हैं। गांव की पेयजल योजना कई जगह क्षतिग्रस्त हुई है, जल्द ही पेयजल योजना दुरुस्त कर दी जाएगी। प्रदर्शन करने वालों में हयात सिंह, लक्ष्मण सिंह, राजेंद्र बिष्ट, ईश्वर सिंह, नरेश सिंह, भूपाल सिंह, जसौद सिंह, जोत सिंह, सोनू अधिकारी आदि मौजूद रहे।