विश्व रेडक्रास दिवस के अवसर पर जीजीआईसी में गोष्ठी आयोजित हुई। इस दौरान महिला मंगल दल और स्कूली छात्राओं की ओर से प्रेरणादायक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां दी गईं। कार्यक्रम का शुभारंभ डीएम डॉ.अहमद इकबाल ने किया। उन्होंने कहा असहाय और पीड़ित मानव की बिना किसी भेदभाव के सहायता करना सबसे बड़ा धर्म है।
एसीएमओ डॉ. रश्मि पंत ने आपदा के समय घायलों के राहत एवं बचाव कार्य की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि रेडक्रास जरूरतमंदों, आपदाओं, युद्धों में घायलों, गरीबों आदि की सहायता करने वाली संस्था है। इस मौके पर महिला मंगल दल चनकांडे की बालिकाओं द्वारा प्रस्तुत हम बेटी बचूंल, हम बेटी पढूंल आहा भारत को नाम दुनियां में बढूंल और धन मेरो पहाड़, हरी भरी डांडी ठंडी हवा पानी गीत काफी सराहा गया।
मेजबान स्कूल की छात्राओं ने हमरो सुनी जाओ यो संदेश, गौं बदली बदली जालो देशा, स्वच्छता की हो जीत, आजा बनूंन, स्वच्छ लूघाट को निर्माण करुंलो और स्वच्छता पर नाटक का मंचन किया गया। शिक्षक गणेश पुनेठा के संचालन हुए कार्यक्रम में प्रधानाचार्या मीना शुक्ला ने छात्राओं से पीड़ित मानवता की सेवा के लिए सदा आगे आने पर जोर दिया। वहा पर सीईओे डीएस राजपूत, बीईओ हरेंद्र साह, एमएस डॉ. मंजीत सिंह, एसओ मीनाक्षी नौटियाल आदि थे।
लोहाघाट (चंपावत)। विश्व रेडक्रास दिवस के मौके पर 165 बालिकाओं का हीमोग्लोबिन टेस्ट किया गया। 10 बालिकाओं का हीमोग्लोबिन 10 से कम पाये जाने पर डीएम ने चिंता व्यक्त की। उन्होंने बालिकाओं से शारीरिक तथा मानसिक तौर पर मजबूत रहने के लिए फास्टफूड और केमिकल युक्त पैकेजिंग वाले खाद्य पदार्थों से बचने की अपील की। इस मौके पर राष्ट्रीय किशोर परामर्शदाता सावित्री राय, स्टाफ नर्स बबीता गोस्वामी, लैब तकनीशियन उमेश बसेड़ा, चंद्र मोहन लटवाल, दुर्गेश सिंह आदि थे।