पाटी (चंपावत)। क्षेत्र के कई गांवों में वायरल बुखार के मामले बढ़ रहे हैं। प्रभारी चिकित्साधिकारी गुरुशरण कौर ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की दो टीमों ने तीन दिनों में रीठाखाल, गागर, किमाड़, गंवाई, मोलनाजाख, सिल्योड़ीगूठ, खोलागाड़, चौड़ासिल्योड़ी, मन्टाडे, बनौली आदि गांवों के 1077 लोगों का परीक्षण किया। इनमें से 340 से अधिक लोगों में बुखार, सर्दी जुकाम, उल्टी दस्त की शिकायत मिली। निशुल्क दवाओं के साथ बचाव के उपाय भी बताए गए।
प्रभावित गांवों में डॉ. मोनिका जोशी और डॉ. कुलदीप राणा ने परीक्षण करने के साथ ही लोगों को बदलते मौसम के बीच बचाव के उपायों की जानकारी। उबला पानी पीने और ठंड से बचने की सलाह दी गई है। शिविर में फार्मासिस्ट योगेश कन्नौजिया, गोपाल सिंह देव, स्टाफ नर्स पूजा धानिक आदि मौजूद थे।
ये सावधानियां बरतें:
सुबह-शाम गरम कपड़े पहनें, दिन में गरम मौसम होने पर कम कपड़े पहने जा सकते हैं।
पसीना आने पर हवा से बचाव करें।
ठंडे पेय पदार्थ और खानपान से बचाव करें।
खांसी और छींक आने पर मुंह पर कपड़ा रखें।
प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविर लगाए जा रहे हैं। वायरल बुखार का असर सबसे ज्यादा कम उम्र के बच्चों पर पड़ रहा है। सुबह और शाम ठंडा व दिन में गर्मी से बच्चे बुखार, नजला, जुकाम, खांसी से पीड़ित हैं। मौसम के अनुरूप कपड़े पहनना जरूरी है। उबला पानी और ताजा खाना खाएं। - डॉ. केके अग्रवाल, सीएमओ, चंपावत।