चंपावत।
बाराकोट विकासखंड के फरतोला गांव में सड़क निर्माण के लिए पैमाइशी रास्ते को खोले जाने में रुकावट डालने से ग्रामीण भड़क उठे हैं। ग्रामीणों ने शुक्रवार को जिला मुख्यालय पहुंचकर कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएम को ज्ञापन देकर कार्रवाई करने की मांग उठाई।
ग्रामीणों का कहना है कि फरतोला गांव में पैमाइशी रास्ते, गोचर, पनघट भूमि में सभी ग्रामीणों ने श्रमदान से जीप चलने लायक सड़क का निर्माण किया जा रहा है, जो लगभग पूरी कट चुकी है। लेकिन इस सड़क के निर्माण में एक शिक्षिका और गांव का एक व्यक्ति द्वारा निर्माण कार्य का विरोध किया जा रहा है। कहा गया है कि विरोध करने वाले व्यक्ति इस रोड पर कोई भी हक नहीं है न ही इनके नाम पर पट्टा है। इसके बाद भी इनके द्वारा नाजायज जमीन में कब्जा कर रोड काटने पर ग्रामवासियों को आए दिन धमकाया जा रहा है। इसके अलावा विरोध करने वाली शिक्षिका दूसरे जिले में शादी हो चुकी है। फरतोला ग्राम पंचायत की भूमि पर कहीं भी कोई अधिकार नहीं है।
एक सरकारी शिक्षिका होने के बावजूद वह आए दिन निर्माण कार्य में व्यवधान डाल रही हैं। ज्ञापन में कहा है कि इस सड़क वाली जमीन सारे गांव की सामूहिक जमीन है, इसमें किसी भी ग्रामवासियों का कोई विरोध नहीं है। ग्रामीणों ने इस पर अनापत्ति प्रमाण पत्र भी दिया हुआ है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से सड़क का विरोध करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। कहा कि कार्रवाई न होने पर उन्हें उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होना पड़ेगा। प्रदर्शन करने और ज्ञापन देने वालों में ग्राम प्रधान सुनील वर्मा, नारायण लाल, प्रियंका वर्मा, हरीश लाल वर्मा, हेमा वर्मा, नीमा वर्मा, मुकेश वर्मा आदि ग्रामीण शामिल रहे।