सीएम को संबोधित ज्ञापन बीडीओ को सौंपते ग्राम प्रधान।
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अनदेखी से भड़के ग्राम प्रधानों ने खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) कार्यालय में तालाबंदी कर नाराजगी जताई। प्रधानों ने शीघ्र मांगें पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी। ग्राम प्रधान संगठन ने तीन सूत्री मांगों को लेकर खंड विकास अधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा।
शुक्रवार को ब्लाक ग्राम प्रधान संगठन के अध्यक्ष चांद सिंह बोहरा के नेतृत्व में ग्राम प्रधानों ने उनकी मांगों की अनदेखी किए जाने पर गुस्से का इजहार किया। ग्राम प्रधानों ने बीडीओ केएस नयाल के माध्यम से मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को ज्ञापन मांगों को शीघ्र पूरा करने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया है कि प्रधानों द्वारा लंबे समय से राज्य सरकार से पंचायत निधि में 50 फीसदी कटौती को वापस लेने, ग्राम प्रतिनिधियों को 5 हजार रुपये मासिक मानदेय देने, और पंचायती राज्य एक्ट को शीघ्र लागू करने की मांगें की जाती रही हैं। लेकिन सरकार उनकी मांगों की ओर पीठ किए हुए है। प्रधानों ने कहा कि सरकार ने दो महीने पूर्व मांगों पर कार्यवाही करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक कोई भी मांग पूरी नहीं हो पाई है।
ज्ञापन में कहा कि अगर सरकार पंचायतों के विकास में कटौती करती है, तो पंचायत प्रतिनिधि प्रदेश स्तर पर भी उग्र आंदालन करने के लिए बाध्य हो जाएंगे। विरोध-प्रदर्शन में ग्राम प्रधान मदन राम, रीता देवी, शांति देवी, महेश चंद्र जोशी, सुभाष कुमार, किशन राम, अमिता चौबे, कैलाश राम, जानकी देवी, विनोद सिंह, दीवान सिंह, महेंद्र सिंह आदि मौजूद थे।