उत्तराखंड पूर्व सैनिक कल्याण निगम (उपनल) कर्मचारी महासंघ के प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर शुक्रवार से बेमियादी आंदोलन शुरू हो गया है।
यहां कलक्ट्रेट सभागार में जिले के कर्मियों ने धरना देने के बाद प्रदर्शन किया। हड़ताल से सरकारी विभागों में कुछ हद तक कामकाज प्रभावित हुआ है।
महासंघ के जिलाध्यक्ष रमेश सुतेड़ी ने कहा कि उपनल के स्थान पर विभागीय संविदा की लंबे समय से की जा रही मांग की सरकार अनदेखी कर रहे हैं। उपनल की संविदा से कर्मियों को हर माह मानदेय में करीब 13 प्रतिशत का नुकसान हो रहा है। बृहस्पतिवार को देहरादून में प्रदेश नेतृत्व की सरकार से हुई वार्ता किसी नतीजे पर नहीं पहुंची। कलक्ट्रेट में राज्य समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष निर्मला गहतोड़ी ने हड़ताली कर्मियों से वार्ता की।
सोमवार को दून में मुख्यमंत्री से इस मसले पर वार्ता कर समाधान निकालने का भरोसा दिलाया। प्रदर्शन में राकेश फर्त्याल, आनंद अधिकारी, पुष्कर सिंह, मोनू महरा, दिनेश चंद्र पंत, हेम खर्कवाल, दीपा कापड़ी, उमा आर्या, हीराबल्लभ जोशी, मनोज बिष्ट, सूर्य प्रताप, मनोज गड़कोटी, हीराबल्लभ कुलेठा, जर्नादन जोशी, चंदन बोरा, दीपक जोशी, नवीन जोशी आदि शामिल रहे।