चंपावत। जिले के विभिन्न विभागों में कार्यरत उपनल कर्मियों की शासन से वार्ता के बाद अनिश्चितकालीन हड़ताल खत्म हो गई है। विभिन्न मांगों लेकर उपनल कर्मचारी 12 फरवरी से हड़ताल पर थे। मंगलवार को जिला अध्यक्ष संदीप कलखुड़िया ने बताया कि शासन से वार्ता के बाद एक कमेटी का गठन और हर वर्ष वेतन में 10 प्रतिशत बढ़ोतरी का आश्वासन देने के बाद हड़ताल को खत्म कर दिया है। बताया कि एक कमेटी बनाई गई जो एक माह बाद अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी। कहा कि उसके बाद भी कोई सकारात्मक कार्यवाही नहीं होती है तो फिर आगे की कार्यवाही की जाएगी। उपनल कर्मचारियों के काम में लौटने से आम जनमानस सहित सभी विभागों ने राहत की सांस ली है। संवाद
हड़ताल के चलते आंगनबाड़ी केंद्रों में लटके ताले
मानदेय सहित पांच सूत्री मांगों को लेकर अनिश्चित कालीन हड़ताल जारी
संवाद न्यूज एजेंसी
चंपावत। जिले की आंगनबाड़ी, मिनी कार्यकर्ता और सहायिका संगठन पांच सूत्री मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर है। इससे जिले के सभी 681 आंगनबाड़ी केद्रों पर ताले लटके हुए हैं। इस कारण बच्चों की पढ़ाई के साथ ही अन्य कार्य प्रभावित हो रहे हैं। जल्द मांग पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी गई है।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता वेतन सहित पांच सूत्री मांगों को लेकर सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। संगठन की जिला अध्यक्ष मीरा बोहरा ने कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं की जातीं, हड़ताल जारी रहेगी। उन्होंने 600 रुपये प्रतिदिन मानदेय दिए जाने, सेवानिवृत होने पर दो लाख रुपये दिए जाने, टेक होम राशन ढुलान को केंद्र तक पहुंचाने की धनराशि दिए जाने, पोषण टेकर के लिए मोबाइल फोन और रिचार्ज दिए जाने, विभागीय कार्यों के लिए यात्रा भत्ता दिए जाने की मांग कर रही हैं।