चंपावत। विशेष सत्र न्यायाधीश अनुज कुमार संगल की अदालत ने चरस तस्करी के दो मामलों में तीन अभियुक्तों को दोषी ठहराते हुए कारावास की सजा सुनाई है। विशेष सत्र न्यायाधीश की अदालत ने तीन साल पुराने चरस तस्करी के मामले में दोषी सुनील कुमार को तीन वर्ष और मनोज गंगवार को दो वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
साथ ही अर्थदंड भी डाला है। अर्थदंड न देने पर दोनों को अतिरिक्त सजा भोगनी होगी। फरवरी 2022 में टनकपुर कोतवाली पुलिस ने किरौड़ा पुल के पास चेकिंग के दौरान मोटर साइकिल से जा रहे दो लोगों को रोका। चेकिंग में सुनील कुमार (35) निवासी नवाबगंज, बरेली से 300 ग्राम और मनोज गंगवार (36) से 200 ग्राम चरस बरामद हुई थी।
अभियोजन पक्ष ने छह गवाह और 30 साक्ष्य प्रस्तुत कर आरोप सिद्ध किया। कोर्ट ने दोषी सुनील कुमार को तीन वर्ष के कठोर कारावास, 25 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड न चुकाने पर उसे तीन माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। वहीं मनोज को दो वर्ष के कठोर कारावास और 20 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई अर्थदंड न चुकाने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
विशेष सत्र न्यायाधीश की अदालत ने फरवरी 2020 के दूसरे मामले में दोनों पक्षों को सुनने के बाद दोषी को 18 माह का कठोर कारावास और 15 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई।
अर्थदंड न देने पर दोषी को अतिरिक्त डेढ़ माह जेल में बिताना होगा। लोहाघाट पुलिस ने देवीधार बैंड के पास अजय कुमार (36) निवासी नवाबगंज, बरेली को 152 ग्राम चरस के साथ पकड़ा था। उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज किया गया।