ललित मोहन गहतोड़ी
चंपावत। जिले की ललुआपानी सड़क में ग्रामीणों के विरोध के बावजूद डंपरों से भर-भर कर मिट्टी डंप की जा रही है। वीआईपी सड़क पर डंपिंग जोन नहीं होने के बाद भी आए दिन ट्रक से मलबा डाला जा रहा है। मलबे के कारण नीचे बसे सेलाखोला, रोपा गांव को भी खतरा पैदा हो गया है। जिला उद्यान विभाग के चेतावनी बोर्ड की भी अनदेखी की जा रही है, जिसमें लिखा गया है कि यहां पर राजकीय पौधालय और तीन जल स्रोत हैं। मलबा और मिट्टी डालना सख्त मना है।
ललुआपानी सड़क पर बिना अनुमति के डंपिंग जोन बना दिया गया है। सर्किट हाउस सड़क से पहले बैंड तक जगह-जगह पर मलबा डाला गया है। वीआईपी सड़क होने के बाद भी कोई इस पर ध्यान नहीं दे रहा है। इस सड़क के नीचे की ओर बसे ग्रामीण हमेशा से इसका विरोध कर रहे हैं, मलबा डालने बंद नहीं हुआ है। पूर्व नगर पंचायत सभासद विनोद कुमार ने बताया कि बार-बार प्रशासन के आला अधिकारी इस रास्ते से होकर जाते हैं। लेकिन उनकी समस्या का हल किसी के पास नहीं है। संवाद
उद्यान विभाग के चेतावनी बोर्ड की भी अनदेखी
चंपावत। क्षेत्र में जिला उद्यान विभाग की ओर से लगाए चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं। मलबा डालता पाए जाने पर पांच हजार जुर्माना किए जाने की चेतावनी दी है। एक बोर्ड में मलबा डालने पर दो हजार तो दूसरे बोर्ड पर पांच हजार का जुर्माना वसूलने की चेतावनी लिखी है। संवाद
कैमरा देख भागा डंपर चालक
चंपावत। मंगलवार को अमर उजाला की टीम ललुआपानी सड़क पर पहुंची और क्षेत्र के ग्रामीणों से बात की। इस दौरान एक डंपर चालक वहां पर मलबा फेंकने पहुंचा। अमर उजाला की टीम ने जैसे ही कैमरा निकाला डंपर चालक तेज रफ्तार से भाग निकला। संवाद