चंपावत। डीएम सुरेंद्र नारायण पांडेय ने राष्ट्रीय राजमार्ग-नौ पर स्वांला मंदिर के पास लगभग 100 मीटर हिस्से में अभी तक आवागमन सुचारु न होने से जनता को हो रही परेशानी के समाधान के लिए कोई कदम न उठाने पर नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने अधिकारियों को विशेषज्ञों को आमंत्रित कर नई टेक्नोलॉजी की मशीनरी बढ़ाते हुए एक सप्ताह के भीतर मार्ग में आवागमन सुचारु करने के निर्देश दिए।
बुधवार को जिला सभागार में हुई बैठक में उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग के अभियंताओं एवं कार्यदायी कंपनी अधिकारियों को राष्ट्रीय राजमार्ग पर पूर्ण रूप से सुरक्षित आवागमन सुचारु होने तक, आमजन की परेशानी को देखते हुए चंपावत-धौन-दियूरी-चल्थी मार्ग को ठीक कर उसे छोटे वाहनों का आवागमन चालू कराने को निर्देशित किया। साथ ही सूखीढांग-रीठासाहिब मार्ग पर विभिन्न स्थानों पर संकरे और खराब पड़े स्थानों को मशीनरी के माध्यम से ठीक कर आवागमन सुचारु रखने के निर्देश दिए। उन्होंने वैकल्पिक मार्ग को तत्काल सुचारु करने को कहा है। बैठक में एडीएम टीएस मर्तोलिया, अधिशासी अभियंता एनएच एलडी मथेला, डीडीएमओ मनोज पांडेय, आरजीबीएल के आर शर्मा, शिवालिक कंपनी के सुरेंद्र राना, सुरेश कासना, सुरेंद्र बोरा आदि उपस्थित रहे।
पूर्ति अधिकारी ने व्यापारियों के साथ की बैठक
चंपावत। बारहमासी सड़क बंद होने के कारण जिले में खाद्यान्न सहित अन्य आवश्यक वस्तुओं की कमी के संबंध में जिला पूर्ति अधिकारी शिल्पी शुक्ला ने बुधवार को व्यापार संघ प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। व्यापारियों ने बताया कि हल्द्वानी-चंपावत मोटर मार्ग के खुले होने से आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति इसी मार्ग से हो रही है। स्वांला में मार्ग बंद होने से स्वांला तक आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति जिला मुख्यालय और स्वांला से आगे की आपूर्ति टनकपुर से की जा रही है। इस मौके पर व्यापार मंडल अध्यक्ष अमरनाथ सक्टा, कमलेश राय, प्रकाश फर्त्याल आदि मौजूद रहे। ब्यूरो
पहाड़ कटिंग का है एकमात्र विकल्प शेष
चंपावत। बारहमासी सड़क निर्माण में कटिंग के दौरान स्वांला के समीप विश्रामघाट मंदिर पर सड़क बहुत संकरी हो जाने के कारण मार्ग पर 13 दिसंबर से यातायात पूर्ण रूप से बंद है। दुर्घटना संभावित इस स्थान पर दीवार लगाने को जगह न होने व सड़क के पूरी तरह से टूट जाने के कारण पूर्ण रूप से पहाड़ कटिंग करने के पश्चात ही मार्ग को खोलने का एकमात्र विकल्प शेष बचा है। ब्यूरो
110 मीटर ऊंची पहाड़ी में अभी भी 80 मीटर की कटिंग शेष
चंपावत। स्वांला में लगभग 110 मीटर ऊंची पहाड़ी पर दिन रात पहाड़ कटिंग का कार्य किया जा रहा है। अभी भी लगभग 80 मीटर पहाड़ की कटिंग करना शेष है। राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण खंड के अधिशासी अभियंता एलडी मथेला के अनुसार स्वांला में कार्यदायी संस्था की पांच पोकलैंड मशीनें प्रतिदिन करीब दस मीटर तक पहाड़ की कटिंग कर रही हैं।
इस स्थान पर लगभग 50 मीटर लंबी सड़क पर पैदल चलना भी संभव नहीं है। सड़क को स्थायी रूप से ठीक करने में लगभग एक सप्ताह का समय अभी और लगने की संभावना है। एसपी धीरेंद्र गुंज्याल ने कहा है कि वाहन चालकों को स्वांला के समीप यातायात व्यवस्था सुचारु होने तक आवागमन के लिए अन्य मार्गों का प्रयोग करने को कहा गया है। ब्यूरो
राजमार्ग बंद होने से महंगाई एवं बेरोजगारी बढ़ी
चंपावत। स्वांला में राष्ट्रीय राजमार्ग अवरुद्ध होने से जहां सब्जियों एवं रोजमर्रा की वस्तुओं के दामों में उछाल आ गया है, वहीं इससे बेरोजगारी की स्थिति भी पैदा हो गई है। मैदानी क्षेत्रों से रेता, बजरी, सीमेंट के न आने से निर्माण कार्य रुकते जा रहे है। इससे श्रमिकों के सामने बेरोजगारी की समस्या पैदा हो गई है। सामान की ढुलाई करने वाले नेपाली मजदूरों के रोजगार पर भी काफी असर पड़ा है। मजदूरों का कहना है कि वे इन दिनों अपने खाने के लिए पैसा पैदा नहीं कर पा रहे है। सदा गुलजार रहने वाले नगर के भीड़भाड़ वाले स्टेशन बाजार में अपेक्षाकृत सन्नाटा पसरा हुआ है। स्टेशन बाजार के मिठाई चाय के होटल व्यवसायियों का कहना है कि राजमार्ग बंद होने से व्यापार मौसम के साथ ठंडा पड़ गया है।
प्याज के दाम 120 रुपये किलो तक पहुंचे
चंपावत। एक सप्ताह से स्वांला में राष्ट्रीय राजमार्ग बंद होने के कारण जिला मुख्यालय में सब्जियों के दामों में बढ़ोत्तरी हो गई है। एक हफ्ते पूर्व तक 100 रुपये किलोग्राम बिकने वाला प्याज 120 रुपये किलो तक पहुंच गया है।