राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय छात्रसंघ ने चंपावत कॉलेज में एलान के बावजूद नए विषय नहीं खुलने के लिए लामबंदी तेज कर दी है। रविवार को छात्रसंघ अध्यक्ष कमल सिंह रावत की अध्यक्षता में छात्र नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं की बैठक में तुरंत नए विषय खोलने की मांग की। साथ ही सात फरवरी से आंदोलन शुरू करने का एलान किया गया है।
कहा गया कि नवंबर 2015 में देहरादून में मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कॉलेज की समस्याओं के हल का आश्वासन दिया था, लेकिन उसे पूरा करने की दिशा में एक कदम भी नहीं बढ़ाया गया। छात्र नेताओं ने कहा कि एमएससी, एमकॉम, पीजी में अंग्रेजी, हिंदी, शिक्षा शास्त्र, इतिहास, समाज शास्त्र, स्नातक में संस्कृत, मनोविज्ञान, शिक्षा शास्त्र विषय खोलने के अलावा पुस्तकालय की समस्याओं को दूर करने का सीएम ने आश्वासन दिया था। नए विषयों के नहीं खुलने से छात्र-छात्राओं को अन्यत्र पढ़ाई के लिए जाना पड़ रहा है।
बैठक में छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष मुकेश महराना, मंदीप ढेक, प्रकाश तिवारी, उपाध्यक्ष कैलाश जोशी, राजेंद्र गहतोड़ी, शंकरदत्त पांडेय, बसंत तड़ागी, चंद्र किशोर बोहरा, गौरव पांडेय, मदन महर, सुरेश जोशी, कमल माहरा, संजय रावत, बबीता जोशी, नेहा महर, मनोज तड़ागी, कमल जोशी, योगेश पुनेठा, कमल सिंह, आदर्श भट्ट आदि मौजूद थे।