ऋषेश्वर महादेव मंदिर में सात दिनी संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा शुरू हो गई है। कथा के मुख्य संयोजक श्रीश्री 1008 स्वामी मोहनानंद तीर्थ के दिशा-निर्देशन और ऋषेश्वर मंदिर प्रबंधन समिति के अध्यक्ष प्रहलाद सिंह मेहता के नेतृत्व में कथा के शुभारंभ पर शिवालय मंदिर से हनुमान मंदिर होते हुए हथरंगिया तक भव्य कलश यात्रा निकाली गई। कलश यात्रा में क्षेत्र की सैकड़ों महिलाएं शामिल हुईं।
पंडित किशोर पुनेठा के पौरोहित्य में मुख्य यजमान दिनेश सिंह ढेक ने विभिन्न अनुष्ठान संपन्न किए। कथा के मुख्य संयोजक मोहनानंद तीर्थ ने बताया कि पहले दिन रविवार को मंगल चरण, ब्राह्मण चरण, संत पूजन, गौरी गणेश, मातृका पूजन, नवग्रह, दिगपाल, क्षेत्रपाल, ग्रामदेव, स्थानदेव, पुस्तक, गोपाल और पंजदेव पूजन हुआ।
कथा का समापन 24 अगस्त को भंडारे के साथ होगा। कथावाचन चित्रकूट के भुवन त्रिपाठी सुधांश करेंगे। इस मौके पर प्रबंधन समिति के महासचिव प्रकाश राय, सचिन जोशी, जीत सिंह माहरा, कीर्ति बगौली, दीपक सुतेड़ी, सुनील चौबे, कैलाश ढेक, ललित भट्ट, रामू जोशी, राम चंद्र बिष्ट, राजेंद्र पुनेठा, महंत मोहन गिरि आदि मौजूद थे।
भंडारे के साथ हुआ शिव पुराण का पारायण
लोहाघाट (चंपावत)। बिशुंग डुंगरीफर्त्याल के शिव मंदिर में महाशिवपुराण ज्ञान यज्ञ कथा का भंडारे के साथ पारायण हो गया है। इस दौरान बिशुंग के अलावा अन्य स्थानों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
कथा के मुख्य आयोजक और कथावाचक ललित प्रसाद पांडेय बाबा आदित्यदास की पहल और बिशुंग क्षेत्र के लोगों के सहयोग से कुमाऊंनी में महाशिवपुराण कथा का वाचन हुआ। कहा गया कि शिव पुराण सुनने मात्र से मनुष्य का कल्याण होता है।
समापन पर सुबह गणेश पूजा, शिव पूजा, दुर्गा पूजा, शिवार्चन, हवन, कन्या पूजन आदि के बाद भंडारा हुआ। यजमान रिटायर्ड कैप्टन नरेश फर्त्याल ने सपत्नीक विभिन्न पूजा-पाठ संपन्न किए। पंडित संजय मुरारी ने कन्या पूजन आदि पूजापाठ संपन्न कराए। इस मौके पर विधायक पूरन सिंह फर्त्याल, जिला पंचायत सदस्य सुषमा फर्त्याल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे।
लोहाघाट के प्रसिद्घ ऋषेश्वर मंदिर में शुरू हुई श्रीमद भागवत कथा के दौरान निकली कलश यात्रा में शा- फोटो : LOHAGHAT