बनबसा (चंपावत)। पुलिस एवं एसओजी की टीम ने 260 ग्राम स्मैक के साथ कुमाऊं में स्मैक की सप्लाई करने वाले तस्कर को पकड़ा है। उस पर एनडीपीएस एक्ट की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेज दिया है। आईजी और एसपी ने स्मैक तस्कर को पकड़ने वाली टीम को दस एवं पांच हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
सीओ अविनाश वर्मा, थानाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह जगवाण, एसओजी प्रभारी एसआई सुरेंद्र सिंह खड़ायत, एसआई केसी जोशी टीम के साथ सोमवार को बनबसा के पश्चिमी छोर स्थित आनंदपुर गांव के पास हुड्डीनदी किनारे गश्त कर रहे थे। इस दौरान पुलिस को एक युवक संदिग्धावस्था में आता दिखाई दिया। तलाशी लेने पर पुलिस को उसके पास 260 ग्राम स्मैक बरामद हुई।
एसपी देवेंद्र पींचा ने बताया कि पकड़ा गया युवक ऊधम सिंह नगर के ग्राम बिडौरा मझोला थाना नानकमत्ता निवासी चमकौर सिंह उर्फ चमकी (30) है। वह तराई का सबसे बड़ा स्मैक तस्कर बताया जाता है। पुलिस उसके आपराधिक इतिहास को खंगालने में जुटी है। बताया गया है कि चमकौर सिंह तराई का कुख्यात स्मैक और चरस तस्कर है। पुलिस की जांच में उस पर अब तक 15 मुकदमों की जानकारी मिली है। वह नानकमत्ता थाने का हिस्ट्रीशीटर भी है। बनबसा थाने का वांच्छित एवं पांच हजार रुपये के इनाम का अपराधी भी है। उस पर नानकमत्ता में एनडीपीएस के सात एवं बनबसा थाने में दो केस दर्ज हैं।
पंतनगर थाने में गैंगस्टर एक्ट के अलावा बनबसा में धारा 506, नानकमत्ता में अलग-अलग धाराओं में पांच मुकदमे पंजीकृत हैं। एसपी ने बताया कि पुलिस अन्य मुकदमों के बारे में भी जानकारी हासिल कर रही है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह किच्छा एवं बरेली से स्मैक लाकर कुमाऊं में सप्लाई करता है।
नीचे नशामुक्ति केंद्र ऊपर स्मैक का कारोबार
बनबसा (चंपावत)। कैरियर को धमकाना स्मैक कारोबारी को मंहगा साबित हुआ। नानकमत्ता से पूरे कुमाऊं में स्मैक का कारोबार करने का आरोपी चमकौर सिंह बड़ा शातिर है। बताते हैं कि वह कभी भी स्मैक की सप्लाई स्वयं नही करता। स्मैक की सप्लाई के लिए वह युवा कैरियर की तलाश में रहता था। एक कैरियर को दी धमकी ने उसे पुलिस के चंगुल में फंसा दिया।
कुमाऊं के युवाओं को नशे की लत में डालने वाला स्मैक का मुख्य तस्कर आखिर पुलिस एवं एसओजी के हत्थे चढ़ ही गया। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश में थी। एसपी देवेंद्र पींचा ने बताया कि चमकौर सिंह ने बनबसा के एक स्मैक कैरियर को जान से मारने की धमकी दी थी। इस पर बनबसा पुलिस ने उसके खिलाफ आईपीसी की धारा 506 में केस पंजीकृत किया था। पुलिस उसकी तलाश में थी। बनबसा थाने में वह वांछित होने के अलावा पांच हजार का इनामी अपराधी भी घोषित था। बताया गया है कि नानकमत्ता में जिस मकान की ऊपरी मंजिल से वह स्मैक का कारोबार कर रहा था उसकी निचली मंजिल में नशामुक्ति केंद्र संचालित हो रहा है।
साल भर में पकड़ी जा चुकी है 904.23 ग्राम स्मैक
बनबसा (चंपावत)। बनबसा पुलिस ने पिछले एक वर्ष में 24 मामलों में 904.23 ग्राम स्मैक पकड़ी है। थानाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह जगवाण ने बताया कि वर्ष 2022 में पुलिस ने 17 युवकों से 619.83 ग्राम स्मैक बरामद की थी। इस वर्ष अब तक पुलिस ने सात मामलों में 284. 4 ग्राम स्मैक बरामद की है। जिसमें बीते दिवस चमकौर सिंह के कब्जे से 260 ग्राम स्मैक बरामद की गई है।