बुधवार से शारदा से खनिज सामग्री की निकासी शुरू हो गई है। पहले दिन करीब 1300 घन मीटर खनिज की निकासी हुई है। फिलहाल शक्तिमान ट्रक एसोसिएशन ने ट्रकों से हर दिन एक चक्कर निकासी शुरू की है। निकासी से निर्माण सामग्री के लिए परेशान लोगों को राहत मिली है।
शासन से खनन निकासी की मंजूरी के बाद वन विकास निगम के खनन प्रभाग ने गत एक दिसंबर से ही खनन निकासी गेट खोल दिया था, परंतु नई खनिज भंडारण नियमावली में सिर्फ स्टोन क्रसर स्वामियों और खनन पट्टा धारकों को ही भंडारण की अनुुमति दिए जाने से खनन कारोबारियों ने निकासी का बहिष्कार किया था। गत दिनों चंपावत के दौरे पर आए मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कैबिनेट में प्रस्ताव रख भंडारण नियमावली में संशोधन करने का आश्वासन दिया था। जिसके बाद यहां के खनन कारोबारियों ने नियमावली में संशोधन की उम्मीद पर बुधवार से खनिज निकासी शुरू कर दी है। खनन प्रभारी हरीश पाल ने बताया कि शारदा से 19 लाख घन मीटर खनिज निकासी की अनुमति मिली है।
टनकपुर बैराज के डाउन स्ट्रीम से 11 लाख घनमीटर और अप स्ट्रीम से 8 लाख घन मीटर खनिज निकासी स्वीकृत है। उन्होंने बताया कि पहले दिन पंजीकृत 224 में से 186 शक्तिमान ट्रकों ने 1300 घनमीटर खनिज सामग्री की निकासी की है। बहरहाल खनिज निकासी शुरू होने से निर्माण सामग्री के लिए परेशान लोगों को राहत मिली है। निर्माण सामग्री न होने से कई लोगों ने निर्माण कार्य रोक रखा था, वहीं सरकारी निर्माण कार्य भी इससे प्रभावित थे।
अतिक्रमण हटाने की हिदायत
शारदा के अप स्ट्रीम के नायकगोठ धर्मकांटा के आसपास राजस्व की भूमि पर हुए अतिक्रमण को एसडीएम ने शीघ्र हटाने के निर्देश दिए हैं। बुधवार को खनिज निकासी शुरू होने पर धर्मकांटे के समीप ट्रकों की पार्किंग में जगह की समस्या पैदा होने पर तहसीलदार भगीरथ भट्ट ने नायकगोठ धर्मकांटा के आसपास और हनुमानगढ़ी में अतिक्रमण कर बसे लोगों को भूमि खाली करने को कहा है। भूमि खाली न करने पर फोर्स की मदद से अतिक्रमण ध्वस्त कराने की चेतावनी दी गई है।