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टनकपुर से दस माह बाद रेल का सफर हुआ शुरू

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टनकपुर से त्रिवेणी एक्सप्रेस में सवार मां पूर्णागिरि के दर्शन को आए श्रद्घालु। - फोटो : TANAKPUR
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टनकपुर (चंपावत)। सीमांत के अंतिम रेल स्टेशन टनकपुर से ट्रेन सेवा के संचालन की प्रतीक्षा मंगलवार को खत्म हो गई। मंगलवार से त्रिवेणी स्पेशल एक्सप्रेस का संचालन शुरू हो गया है। सुबह ठीक 8:25 बजे त्रिवेणी एक्सप्रेस (05073) 37 यात्रियों को लेकर टनकपुर स्टेशन से शक्तिनगर यूपी के लिए रवाना हुई। बुधवार सुबह त्रिवेणी (05074) टनकपुर से सिंगरौली मध्य प्रदेश के लिए रवाना होगी।
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स्टेशन अधीक्षक डीएस दरियाल ने बताया कि टनकपुर से सुबह 8:25 पर रवाना हुई त्रिवेणी एक्सप्रेस खटीमा, पीलीभीत, इज्जतनगर, बरेली सिटी होकर सुबह 11:20 बजे बरेली जंक्शन पहुंची। बरेली में पांच मिनट रुकने के बाद वह लखनऊ के लिए रवाना हो गई। उन्होंने बताया कि पहले दिन टनकपुर से 37 यात्री त्रिवेणी से गंतव्य के लिए रवाना हुए। रेलवे स्टेशन के टिकट घर के साथ ही ज्यादातर यात्रियों ने ऑनलाइन टिकट बुक करा कर अपनी सीट आरक्षित कराई थी। इधर रेल सेवा शुरू होने से यात्रियों समेत रेलवे कर्मचारियों में भी खासा उत्साह नजर आया।
सरवर डाउन होने से कुछ यात्रियों को होना पड़ा निराश
टनकपुर से त्रिवेणी एक्सप्रेस में यात्रा के लिए स्टेशन पहुंचे कुछ यात्रियों को टिकट घर का सरवर डाउन होने के कारण यात्रा से वंचित रहना पड़ा। टिकट घर के प्रवर वाणिज्य अधीक्षक धर्मपाल ने बताया कि सरवर डाउन होने के कारण ट्रेन रवाना होने से पहले टिकट बुकिंग और सीट आरक्षित करने का काम प्रभावित रहा। यात्रा से वंचित रहे आनंद कुमार, अमित कुमार, काजल ने बताया कि वे लखनऊ से रिश्तेदारी में टनकपुर आए थे और आज उन्होंने त्रिवेणी से लखनऊ जाना था। पहले सीट आरक्षित कराने की जानकारी नहीं थी और स्टेशन में टिकट बुक और सीट आरक्षित न होने से उन्हें ट्रेन के सफर से वंचित रहना पड़ा है।
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पूर्णागिरि आए बरेली के श्रद्धालु भी त्रिवेणी से हुए रवाना
कोरोना के कारण दस माह से बंद टनकपुर से रेल सेवा मंगलवार से शुरू हो गई है। इससे अब पूर्णागिरि मंदिर आने वाले यात्रियों को भी सुविधा होगी। मंगलवार को पहले दिन टनकपुर से रवाना हुई त्रिवेणी स्पेशल एक्सप्रेस में मां पूर्णागिरि धाम में बच्चे का मुंडन कराने आए बरेली एक परिवार को भी यात्रा का मौका मिला। इन श्रद्धालुओं ने बताया कि परिवार के साथ रेलगाड़ी की यात्रा सुविधाजनक होती है।
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