प्रदेश के मुख्य सचिव एन रविशंकर ने मंगलवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग (वीसी) के माध्यम से अधिकारियों को बताया कि एक जुलाई को शाम चार बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली में डिजिटल इंडिया कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगे।
साथ ही जिला स्तर पर विभिन्न विभागों की ओर से आईटी के माध्यम से किए जा रहे कार्यक्रमों का जनजागरूकता अभियान दो से सात जुलाई तक चलाया जाएगा।
उन्होंने सभी ग्राम पंचायतों की खुली बैठकों में भी डिजिटल इंडिया के महत्व को बताने, ग्राम पंचायतों को नेटवर्क से जोड़ने के लिए अधिकारियों से तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए। वीसी में आईटी सचिव दीपक कुमार ने बताया कि डिजिटल इंडिया में नौ स्तंभ शामिल किए जाएंगे।
जिसमें मोबाइल कनेक्टिविटी, जनता इंटरनेट कार्यक्रम, ई-गवर्नेंस के जरिए ग्राम पंचायत से सरकार तक सुधार, ई-क्रांति सेवाओं को इलेक्ट्रानिक रूप से प्रदान करने, सभी के लिए सूचना, इलेक्ट्रानिक उत्पाद, नौकरियों के लिए आईटी, जल्दी पैदावार कार्यक्रम शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि राज्य में 1100 कामन सर्विस सेंटर जनसेवा केंद्रों के माध्यम से विभिन्न प्रमाण पत्रों के साथ बिजली के बिलों का भुगतान भी शुरू कर दिया गया है।
डीएम दीपेंद्र कुमार चौधरी ने बताया कि सूचना तकनीक के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए दो जुलाई को जिला कार्यालय, तीन को जीजीआईसी, चार को लोहाघाट तहसील, छह को बाराकोट, सात जुलाई को पाटन पाटनी में विभिन्न विभागों की ओर से आईटी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। वीसी में एसडीएस सदर अशोक जोशी, डीडीओ विवेक उपाध्याय, केएन तिवारी, अजहर अली आदि मौजूद रहे।
मुख्य सचिव एन रविशंकर ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी डिजिटल इंडिया कार्यक्रम के शुभारंभ मौके पर हरिद्वार जिले के दो ग्राम प्रधानों से वार्ता भी करेंगे। कार्यक्रम के तहत प्रत्येक जिले से दो उत्कृष्ट ग्राम पंचायतों का चयन किया जाएगा।