लोहाघाट (चंपावत)। बाराकोट ब्लाॅक के जीआईसी कामाज्यूला में विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। प्रधानाचार्य ललित मोहन जोशी की अध्यक्षता में आयोजित शिविर में पीएलवी नवीन पंत ने बच्चों को बाल विवाह की परिभाषा, इसके दुष्परिणाम और इससे संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की और 21 वर्ष से कम उम्र के लड़के का विवाह गैरकानूनी है। इसके लिए सजा का भी प्रावधान है। पीएलवी भगवान सिंह फर्त्याल ने कहा कि बाल विवाह से न केवल शिक्षा बाधित होती है बल्कि स्वास्थ्य, सामाजिक और मानसिक विकास पर भी इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। यहां मनोज जोशी, प्रियंका जोशी, निधि पुजारी, गिरीश चंद्र जोशी, मंजू चौथिया, सरिता, राखी गहतोड़ी, बलराम, विक्रम राम मौजूद रहे। संवाद