रायनगर चौड़ी गांव को प्रस्तावित नगर पालिका में शामिल करने की भनक लगते ही ग्रामीण भड़क गए। उन्होंने गांव को किसी भी हालत में नगर पालिका में शामिल नहीं होने देने का ऐलान करते हुए इसके विरोध में नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने गांव को जबरन नगर पालिका में शामिल करने की दशा में उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
मुख्यमंत्री ने लोहाघाट नगर पंचायत का उच्चीकरण कर नगर पालिका का दर्जा देने की घोषणा की है। बुधवार को रायनगर चौड़ी गांव के देवालय प्रांगण में हुई बैठक में वक्ताओं ने कहा कि रायनगर चौड़ी गांव को भी नगर पालिका में शामिल करने की बात कही जा रही है। ग्राम प्रधान विमला देवी, बीडीसी सदस्य भैरव राय, आनंद राय आदि का कहना था कि रायनगर चौड़ी को किसी भी हालत में नगर पालिका में शामिल नहीं होने दिया जाएगा। कहा कि उनके रायनगर चौड़ी गांव को राष्ट्रपति पुरस्कार, पूर्ण बीमा ग्राम पुरस्कार, अल्प बचत में यूपी में रहते हुए दूसरा पुरस्कार मिलने के साथ गांव की साक्षरता दर 90 फीसदी से अधिक है।
ग्रामीणों ने नगर पालिका में शामिल करने के बजाय आदर्श गांव का दर्जा देकर सुविधाओं का विस्तार करने की मांग की। गांव को नगर पालिका में शामिल कर इसका अस्तित्व समाप्त करने के प्रयास को बर्दाश्त नहीं करने का ऐलान कर नारेबाजी कर जोरदार विरोध किया गया। प्रदर्शन करने वालों में पूर्व ग्राम प्रधान रमेश चंद्र राय, प्रकाश राय, परमानंद राय, धर्मानंद राय, सेवानिवृत्त कै.खीमानंद राय, सेवानिवृत्त कै.जयदत्त राय, दुर्गादत्त राय, प्रेमबल्लभ कापड़ी, हरीश कापड़ी, गोविंदी देवी, गौरी देवी, जानकी, गीता, सावित्री देवी, नीरज, प्रकाश, गोलू, शंकर दत्त आदि मौजूद थे।