पाटी/चंपावत। पाटी विकासखंड में 10 गांव के लोगों को सड़क डामरीकरण का इंतजार है। वर्ष 2010 में आठ किमी रौलमेल-छिलकाछिना सड़क कटिंग का काम किया गया। इससे बड़ेत, रौतामेल, लखनपुर, नैनी, किमाड़ी, बरौला, पम्तोला, रानीचौड़ा, तोली की 10 हजार की आबादी को पाटी मुख्यालय पहुंचने में बड़ी राहत मिली, लेकिन 14 साल बीत जाने के बाद भी सड़क पर डामरीकरण नहीं किया गया। लोग पिछले ढाई साल से डामरीकरण की मांग कर रहे हैं। इस बार लोकसभा चुनाव में 10 गांव के लोगों ने चुनाव बहिष्कार का ऐलान भी किया था, लेकिन प्रशासन के आश्वासन के बाद लोगों ने मतदान किया। अब लोगों का कहना है कि सड़क डामरीकरण को लेकर कार्यवाही की जानी चाहिए। हमने प्रशासन की सुनी अब प्रशासन हमारी समस्या का समाधान करे।
कोट
सड़क कटिंग का काम 2010 में हुआ था, लेकिन वर्तमान समय तक सड़क में डामरीकरण नहीं किया गया है। बारिश के दौरान सड़क पर पैदल चलना भी मुश्किल होता है। वाहन चलाना तो दूर की बात है। इस सड़क पर एक कैंटर भी गिरा। गनीमत रही कि इसमें कोई हताहत नहीं हुआ। - पीतांबर गहतोड़ी, अध्यक्ष, रौलमेल क्षेत्र विकास संघर्ष समिति।
कोट
आठ किमी सड़क के डामरीकरण को लेकर संघर्ष समिति का गठन किया है। पिछले ढाई साल से सड़क डामरीकरण की मांग कर रहे हैं। लोकसभा चुनाव बहिष्कार के निर्णय को प्रशासन के आश्वासन के बाद वापस लेना पड़ा। अब डामरीकरण की कार्यवाही की जानी चाहिए। - सुंदर लडवाल, महामंत्री, रौलमेल क्षेत्र विकास संघर्ष समिति।