फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बरसात थमने से लोगों को राहत मिली

Sat, 08 Jul 2017 10:25 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो चंपावत
विज्ञापन
राष्ट्रीय राजमार्ग में काम करते मजदूर। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
 जिला मुख्यालय और आसपास के क्षेत्रों में शनिवार को चौथे दिन बरसात थमने से लोगों को राहत मिली। बारिश थमने से दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में भी जनजीवन पटरी पर लौटना शुरू हो गया है। टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग में सुबह से ही वाहनों के आवागमन का सिलसिला जारी रहा। जिले में ग्रामीण क्षेत्रों की 14 सड़कें अभी भी मलबे के कारण यातायात के लिए बंद हैं। इन सड़कों को खोलने के लिए आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से प्रयास किए जा रहे हैं।
विज्ञापन


राष्ट्रीय राजमार्ग के साथ ही सभी आंतरिक मोटर मार्गों के संवेदनशील स्थानों पर जेसीबी आपरेटरों के साथ ही बचाव उपकरणों के साथ रेस्क्यू टीमें तैनात की गई हैं। टनकपुर पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग में सड़क किनारे मिट्टी धंसने और भूकटाव के कारण कई स्थान जोखिम भरे बने हुए हैं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मनोज पांडेय के अनुसार जिले की 14 ग्रामीण सड़कें अभी बंद हैं। सभी सड़कों पर जेसीबी से मलबा और बोल्डर हटाने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि लोनिवि लोहाघाट डिवीजन की गल्लागांव-देवलमाफी, पनियां-रीठाखाल, सिरतोली-मंगोली, दयारतोली-बासबेट्टा, ढोलीगांव-पारस-रिखोली तथा रीठाखाल-मनटांडे तथा लोनिवि चंपावत डिवीजन की टाकखंदक-करौली, सिप्टी-सिमाड़ और गौड़ी-किमतोली के अलावा पीएमजीएसवाई चंपावत की धौन-सल्ली, मंच-नीड़, बगोटी-डुंगरालेटी, मल्ली खटोली तथा मडलक पांडेय से सिलपड़ और पीएमजीएसवाई लोहाघाट की एकमात्र सड़क बाराकोट-सिमलखेत-पड़ाशूसेरा सड़क बंद है।


कहां कितनी हुई बारिश
चंपावत-4 एमएम,
लोहाघाट-3 एमएम,
पाटी-2 एमएम,
बनबसा-1 एमएम
बाक्स

65402 क्यूसेक पानी छोड़ा गया
चंपावत। शनिवार की सुबह नौ बजे तक शारदा बैराज से 65402 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। शारदा का जल स्तर 219.85 मीटर रहा।


आंगन की दीवार टूट कर पड़ोसी के घर में गिरी
चंपावत। बीते दिनों हुई बारिश से एक आंगन की दीवार गिर गई। जिससे  मकान को नुकसान पहुंचा है। बृहस्पतिवार को टनकपुर रोड में गैस गोदाम के निकट कीर्ति बल्लभ सक्टा के आंगन की दीवार टूट कर उनके पड़ोसी बसंती देवी के मकान पर जा गिरी। जिससे बसंती देवी के मकान की सीढ़ी और खिड़कियों को नुकसान पहुंचा है। प्रभावित परिवार ने मुआवजा देने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें