एनएच में स्वांला डेंजर जोन में होता भूस्खलन ।संवाद
चंपावत। बारिश से बंद एनएच घंटों बाद खुला। इससे लोगों ने राहत महसूस की। मंगलवार को बारिश से स्वाला में मलबा आने से यातायात बाधित हो गया था। देर शाम को हल्के वाहनों के लिए यातायात सुचारु किया गया। मंगलवार देर शाम फिर मलबा आने से यातायात बाधित रहा। बुधवार सुबह मशीनें लगाकर एनएच पर यातायात सुचारु किया गया।
एनएच समेत जिले की सात ग्रामीण सड़कें बंद हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्र की दस हजार से अधिक आबादी को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। आपदा विभाग से मिली जानकारी के अनुसार बुधवार को मंच-नीड, बांकु सुल्ला, रौसाल डुंगराबोरा-चकसिलकोट, धौन-दियूरी- बजौन, अमोड़ी-छतकोट, सीमियउरी-आमनी, नरसिंहडांडा -भगीना भंडारी सड़कें बंद हो गईं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों का जिला मुख्यालय से संपर्क कट गया है। सड़क बंद होने से करीब 10 हजार से अधिक की आबादी परेशान है।
पिछले 24 घंटे में चंपावत में 68 मिमी, लोहाघाट में 36, पाटी में 30, टनकपुर में 48.80 और बनबसा में 70 मिमी बारिश दर्ज की गई। इधर, जिले में सुबह 11 बजे से तक मूसलाधार बारिश हुई। इससे एनएन पर कई बार यातायात बाधित रहा।
डीएम ने स्वाला डेंजर जोन का किया निरीक्षण
डीएम मनीष कुमार ने एनएच पर स्वाला क्षेत्र का निरीक्षण कर मार्ग की मौजूदा स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों को निर्देश दिए कि मार्ग पर निगरानी सुनिश्चित की जाए। किसी भी प्रकार के भूस्खलन, मलबा या मार्ग अवरोध होने की स्थिति में त्वरित कार्यवाही की जाए। कहा कि जिले के सभी प्रमुख मोटर मार्ग यातायात के लिए खुले हैं। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए सभी संबंधित टीमें अलर्ट रहें।