नेपाल बार्डर पर एसएसबी ने तेज की कांबिंग
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पंजाब की नाभा जेल से फरार कैदियों के नेपाल भागने और नेपाल के रास्ते पाकिस्तानी आतंकियों की घुसपैठ की आशंका में भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों के साथ ही बार्डर पर तैनात एसएसबी ने कांबिंग तेज कर दी है। मां पूर्णागिरि धाम की तलहटी से बनबसा बार्डर तक चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जा रही है।
मंगलवार को एसएसबी की 57 बटालियन की सी कंपनी के कांबिंग दल ने इंस्पेक्टर रामराज गुर्जर के नेतृत्व में बूम से लेकर टनकपुर बैराज तक के बार्डर में सघन कांबिंग की। उन्होंने बार्डर क्षेत्र में बसे लोगों को भी आतंकियों की घुसपैठ की आशंका की जानकारी देते हुए सजग रहने को कहा। इंस्पेक्टर गुर्जर ने बताया कि रात के वक्त भी एसएसबी का दल लगातार बार्डर पर नजर रख रहा है। कांबिंग दल में कांस्टेबल विनोद सिंह, मनोज कुमार, अनुज कुमार, अरुण कुमार आदि शामिल थे।
वहीं, एसएसबी के कमांडेंट केसी राना ने बताया कि दो दिन पूर्व पंजाब के नाभा जेल से कुछ खतरनाक कैदियों के फरार होने के बाद एसएसबी को और अधिक चौकस रहने को कहा गया है। एसएसबी 57वीं वाहिनी एफ कंपनी की प्रभारी कमांडर महिला एसआई पूनम सुरीन ने बताया कि नेपाल सीमा, सीमा स्थित जंगली मार्ग और चोर रास्तों पर एसएसबी की पैनी नजर है। सीमा पर आवाजाही करने वालों से कड़ी पूछताछ के साथ सघन चेकिंग की जा रही है।
बताया कि सैलानीगोठ, बनबसा बीओपी के जवान मुस्तैदी से सीमा सुरक्षा में जुटे हैं। धनुषपुल स्थित डी कंपनी के प्रभारी कमांडर एएसआई आनंद बल्लभ जोशी ने बताया कि बंगाली कालोनी, गढ़ीगोठ धनुषपुल स्थित बीओपी के जवान चौबीसों घंटे सीमा पर नजर रख रहे हैं। सीओ आरएस रौतेला ने बताया कि एसपी नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देश पर पुलिस को बनबसा से लगी ऊधम सिंह नगर जिले की सीमा, क्षेत्र के पश्चिमी छोर पर स्थित किलपुरा और शारदा रेंज के जंगलों पर नजर रखने को कहा गया है।