बुधवार से भारतीय चौपहिया वाहनों का संचालन नेपाल को शुरू हो गया है, जबकि बाइक और तांगों का संचालन पहले ही शुरू हो गया था। 11 दिन पहले नेपाल के एकीकृत माओवादी छात्र संगठन द्वारा नेपाल में भारतीय वाहनों के दिखाई देने पर आग लगा देने की धमकी दी गई थी, जिसके बाद सुरक्षा के चलते भारतीय प्रशासन ने बनबसा स्थित शारदा बैराज से वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी थी, लेकिन नेपाली वाहन और नेपाली नागरिक भारत आ-जा रहे थे।
नेपाल में भारतीय वाहनों के दिखाई देने पर उन्हें आग लगाने की मित्रराष्ट्र के छात्र संगठन की धमकी के बाद सुरक्षा के तहत भारतीय प्रशासन और नागरिकों ने नेपाल को वाहन न ले जाने का निर्णय लिया था। शनिवार 3 अक्तूबर की सायं नेपाल प्रशासन के आश्वासन पर भारतीय प्रशासन ने तांगों को नेपाल तक जाने की अनुमति दी। मैजिक और ई-रिक्शा का संचालन पूर्ववत गड्डा चौकी तक होने लगा था। सोमवार 5 अक्तूबर को बाइक सवार भी पूर्ववत नेपाल जाने लगे। बुधवार से चौपहिया वाहन भी नेपाल जाने लगे हैं।
नेपाल चैंबर आफ कामर्स के पूर्व अध्यक्ष हेम विक्रम थापा ने बताया कि भारतीय वाहनों के नेपाल पहुंचने का महेंद्रनगर के व्यापारियों ने स्वागत किया है। बनबसा व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने कहा कि दोनों देशों के बीच आवागमन बाधित होने से व्यापार प्रभावित होता है। सीओ राजन सिंह रौतेला ने बताया कि पिछले दस दिनों के दौरान नेपाली नागरिकों को भारत आने में किसी तरह की परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ा।