लोहाघाट (चंपावत)। राज्यसभा सदस्य महेंद्र सिंह माहरा ने रमक-मंगललेख के बीच करीब दो किमी क्षेत्र में सड़क न बनाने पर हैरानी जताई है। उनका कहना है कि क्षेत्र में जाने के बाद उन्हें पता चला कि पीएमजीएसवाई की ओर से दो किमी भूभाग में सड़क का प्रस्ताव ही नहीं भेजा गया है। हालांकि इस क्षेत्र में क्षेत्रीय विधायक ने सड़क निर्माण के लिए यदि जेसीबी से कामचलाऊ सड़क नहीं बनाई गई होती तो वाहनों के आगे जाने का मार्ग ही बंद हो जाता।
इसके लिए उन्होंने पीएमजीएसवाई के ईई को तलब किया है। माहरा के अनुसार नेत्रसलान से पंथ्यूड़ी तक करीब दस किमी सड़क बन चुकी है, लेकिन घाट के पास नदी में पुल न बनने से इस सड़क का कोई उपयोग नहीं हो रहा है। जिसके लिए वे लोनिवि अधिकारी से वार्ता करेंगे। उन्होंने बताया कि मूलाकोट-कांडे-भुईयां तक दस किमी लंबी सड़क को वन विभाग से अनापत्ति मिल चुकी है।
माहरा ने सांसद आदर्श गांव रौलामेल के बारे में बताया कि यहां वन विभाग को छोड़कर अन्य सभी विभागों ने विभिन्न कार्य करने की उन्हें सूचना दी गई है, लेकिन गांव की तस्वीर नहीं बदली है, जबकि 29 लाख रुपये वे सांसद निधि से भी दे चुके है। वे गांव में ही जाकर कार्यों की समीक्षा करेंगे।