विधायक और जिला पंचायत अध्यक्ष के बीच हुआ विवाद सोमवार को अदालत की चौखट तक पहुंच सकता है। दोनों पक्षों की तरफ से दर्ज कराई गई एफआईआर की विवेचना अब अंतिम चरण में है। पुलिस प्रशासन विवेचना का काम सोमवार तक पूरा होने की उम्मीद जता रहा है। विवेचना पूरी होने के बाद मामले को अदालत में फाइल कर दिया जाएगा।
तीन दिसंबर को कलक्ट्रेट सभागार में जिला जल समिति की बैठक में विधायक पूरन सिंह फर्त्याल और जिला पंचायत अध्यक्ष खुशाल सिंह अधिकारी के बीच विवाद हो गया था, जिसके बाद दोनों पक्षों ने एक दूसरे के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 352, 504 और 506 के तहत मुकदमा दर्ज किया था। मंच के थानाध्यक्ष जनार्दन भट्ट और वरिष्ठ उप निरीक्षक माधोराम को जांच अधिकारी बनाया गया था।
मुकदमा दर्ज होने के बाद दोनों अधिकारियों ने जांच शुरू कर दी थी। जो अब अंतिम चरण में है। पुलिस अधीक्षक दिलीप सिंह कुंवर का कहना है कि विवेचना का काम तकरीबन पूरा होने की स्थिति में है। उन्होंने सोमवार तक मामले को कोर्ट में दर्ज कराने की उम्मीद जताई है।