चंपावत जिले के खेतीखान क्षेत्र में ओलावृष्टि से क्षतिग्रस्त पालीहाउस।
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जिले के कई हिस्सों में फरवरी और अप्रैल में हुई ओलावृष्टि से बागवानी और फलों को भारी नुकसान पहुंचा है। खेतीखान में एक पखवाड़े पूर्व हुई भारी ओलावृष्टि से फलदार पेड़ों के साथ ही संरक्षित खेती के लिए लगाए गए पॉलीहाउस को भी भारी नुकसान पहुंचा है।
ओलावृष्टि से यहां 80 से अधिक पॉलीहाउस खराब हो गए हैं। इनमें जगह-जगह छेद हो गए हैं तथा कई हवा से फट गए हैं। इनमें किसानों ने बेमौसमी सब्जी के साथ कद्दू शिमला मिर्च, बैगन, खीरा, टमाटर की नर्सरियां लगायी थी। जो पूरी तरह खराब हो गयी है। खेतीखान में बाएफ,, जलागम और उद्यान विभाग से लगाए गए अधिकांश पॉलीहाउस खराब हो चुके हैं। इसके अलावा पूलम, आडू, खुमानी, नाशपाती के पेड़ों में लगे फूल और फल गिर गए हैं। प्रभावित किसानों के अनुसार एक पॉलीहाउस की मरम्मत में 15 हजार से अधिक का खर्चा आ रहा है। किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष नवीन करायत ने बताया कि ओलावृष्टि से जिले के कई हिस्सों में किसानों को भारी नुकसान पहुंचा है।
ओलावृष्टि से खेतीखान में पॉलीहाउस को नुकसान होने की खबर प्राप्त हुई थी, जिस पर एक टीम भेज कर मौका मुआयना करा पर फोटोग्राफी की गयी है। खेतीखान और देवीधुरा में पॉलीहाउस में ओलों से छेद हो गए हैं। विभाग के पास पॉलीहाउस मरम्मत के लिए कोई मद नहीं है तथा आपदा प्रबंधन में इसमें बजट का प्रावधान नहीं है।
एनके आर्या, जिला उद्यान अधिकारी, चंपावत।