लोहाघाट (चंपावत)। बाराकोट के लड़ीधूरा महोत्सव में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम मची है। हरियाणा, पंजाब, अल्मोड़ा, देहरादून, जम्मू कश्मीर से आए कलाकारों ने एक से बढ़कर एक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां देकर दर्शकों को देर रात तक झूमने के लिए मजबूर कर दिया।
बुधवार रात सांस्कृतिक कार्यक्रमों का शुभारंभ मुख्य अतिथि उत्तर क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र पटियाला के कार्यक्रम अधिकारी जरनैल सिंह ने दीप जलाकर किया।
जितेंद्र बलूनी और गोकुल बिष्ट के नेतृत्व में आए अल्मोड़ा की हिमालय लोक कला केंद्र के कलाकारों और लोकगायिका रेनू बाला के नेतृत्व में आई नवज्योति एवं सांस्कृतिक संस्था देहरादून की टीम के कलाकारों ने दैणां होया बदरी केदार हो वंदना के साथ कार्यक्रमों की शुरुआत की। महोत्सव समिति के अध्यक्ष नगेंद्र कुमार जोशी ने बाहर से आई सभी टीमों के कलाकारों का स्वागत किया। उन्होंने बताया कि हरियाणा, पंजाब और जम्मू कश्मीर की टीमों की ओर से तीन दिनों तक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएंगे।
उत्तर क्षेत्र से आई जम्मू कश्मीर की टीम ने जम्मू कश्मीर में वसंत के आगमन पर किया जाने वाला लोकनृत्य रूफ तथा हरियाणा से आए दल ने लोकनृत्य फाग की मनमोहक प्रस्तुति देकर वाहवाही लूटी। पंजाब से आई टीम के कलाकारों ने भांगड़ा नृत्य की दिलकश प्रस्तुति देकर दर्शकों को झूमने में मजबूर कर दिया।
इसके बाद जितेंद्र तोमक्याल ने सारी कुमाऊं में सबहे भली चंपावत बजार, संगीता मैं फोन करूंलो तू नी उठाली मैसेज भेजूलो, सिलगड़ी का पाल चला ओ साली, रूमाली का गांठा, रियूड़ी काहैं ल्याछे ली, बेड़ू पाको बार मासा और बेबी प्रियंका ने घास काटुलो इजू ऊंचा डाना मां, गढ़वाली लोकगायिका रेनू बाला और गायक पुष्कर महर ने एक से बढ़कर एक गीतों की प्रस्तुतियां देकर दर्शकों की खूब वाहवाही लूटी। संचालन जगदीश अधिकारी ने किया। इस मौके पर बीईओ महावीर सिंह, ब्लॉक प्रमुख निर्मल माहरा, प्रदीप रावत, राकेश करायत, प्रकाश अधिकारी आदि मौजूद थे।
लोहाघाट। लड़ीधूरा महोत्सव आयोजन समिति ने क्षेत्र के वृद्धजनों लाल सिंह बिष्ट, भूपाल दत्त शर्मा, प्यारे लाल वर्मा, पूर्णावती जोशी, कमला देवी, मोती देवी, जस राम, शेर सिंह अधिकारी, नारायण दत्त, शिवराज सिंह अधिकारी को सम्मानित किया। आयोजन में विनोद अधिकारी, महेश अधिकारी, गंगा दत्त, दयाकिशन तिवारी, गिरीश अधिकारी आदि सहयोग कर रहे हैं।
लोहाघाट। ब्लॉक प्रमुख निर्मल माहरा ने लड़ीधुरा मुख्य मंदिर तक सीसी मार्ग के लिए एक लाख रुपए देने की घोषणा की। इसके अलावा रुद्रप्रकाश गहतोड़ी ने 11 हजार, प्रशांत वर्मा ने 11 हजार और हरीश सिंह मेहता ने 10 हजार की राशि दी, कल्पना जोशी ने 51 सौ रुपए की धनराशि समिति को दी।