पंजाब नेशनल बैंक की चंपावत की शाखा में हड़ताल के चलते लटका ताला।
- फोटो : चंपावत
वेतन बढ़ोतरी की मांग के अलावा बैंकों के विलय के विरोध में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के अधिकारी-कर्मचारियों ने बुधवार को हड़ताल शुरू कर दी। इसके चलते चंपावत, लोहाघाट, पाटी, बाराकोट, टनकपुर, बनबसा सहित जिले के विभिन्न सार्वजनिक बैंकों की 29 शाखाओं में ताले लटके रहे। हड़ताल से जिले में 60 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार प्रभावित हुआ।
भारतीय स्टेट बैंक की चंपावत की शाखा के मुख्य प्रबंधक एनआर जौहरी ने दावा किया कि बैंक कर्मचारी और अधिकारियों के संगठन के आह्वान पर हुई हड़ताल पूरी तरह कामयाब रही। सार्वजनिक बैंकों की सभी शाखाओं में दिनभर ताले लटके रहे। भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब एंड सिंध बैंक, यूनियन बैंक, यूको बैंक, सिंडिकेट बैंक, इलाहाबाद बैंक, आईडीबीआई, कैनरा बैंक की जिले की 29 शाखाओं में हड़ताल के चलते कोई कामकाज नहीं हुआ। हड़ताल से जिले में 60 करोड़ रुपये से अधिक के कारोबार पर मार पड़ी।
बैंक बंद होने से ड्राफ्ट से लेकर क्लीयरेंस सहित कई काम नहीं हो सका। अलबत्ता ज्यादातर एटीएम में पर्याप्त नकदी होने से लोगों को कैश के लिए खास परेशानी नहीं हुई।
टनकपुर में बुधवार को राष्ट्रीय बैंकों की हड़ताल से ग्राहकों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। जानकारी के अभाव में लेन-देन के लिए बैंक पहुंचे कई ग्राहकों को निराश लौटना पड़ा। वहीं ज्यादातर बैंकों के एटीएम भी खाली रहने से लोग परेशान हुए। शहर में स्टेट बैंक के अलावा, बैंक ऑफ बड़ौदा, कैनरा बैंक, ओबीसी बैंक, देना, सिंडिकेट, विजया व पंजाब नेशनल बैंक कर्मचारियों की हड़ताल से बंद रहे, जबकि क्षेत्रीय सहकारी बैंक खुले रहे।