जिला विधिक साक्षरता समिति की ओर से नेपाल सीमा से लगे पंथ्यूड़ा के राजकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय में विधिक शिविर लगाया गया। जिला जज प्रेम सिह खिमाल ने कहा कि विधिक साक्षरता अभियान का मकसद नागरिकों को उनके अधिकारों की जानकारी देना है ताकि वे उत्पीड़न व अन्याय से कानूनी रूप से बचाव कर सकें।
समाज की तरक्की के लिए अधिकारों के साथ कर्तव्यों को भी निभाने का आह्वान किया। जिला शासकीय अधिवक्ता (राजस्व) भास्कर मुरारी के संचालन में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मंजू मुंडे ने कहा कि महिलाओं को सुरक्षा व सम्मान के लिए कानूनी कवच दिया गया है, लेकिन जानकारी के अभाव में महिलाएं उन कानूनों का उपयोग नहीं कर पाती हैं।
उन्होंने दिव्यांगजनों को दिए गए अधिकारों व सुविधाओ की भी जानकारी दी। डीजीसी सुनील खर्कवाल, रमेश चंद्र उप्रेती, जिला उपभोक्ता फोरम के सदस्य गिरीश राय, एपीओ आलोक पांडेय, विजय राय, एसडी ओझा ने भी कानूनी जानकारियां दी। इस मौके पर क्षेत्र पंचायत सदस्य लाल सिंह, ग्राम प्रधान कैलाश पंत, किशन राम, गणेश पंत, पीएन जोशी आदि ने जिला जज और उनके साथ आए लोगों का स्वागत किया। उन्होंने जिला जज को क्षेत्रीय समस्याओं से भी अवगत कराया।