चंपावत में मंच तामली सड़क पर आए पेड़ को काटकर हटाती अग्निशमन की टीम। स्रोत : आपदा
चंपावत। जिले में पिछले 24 घंटे में 17 मिमी बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। जनपद में हुई खंडित वर्षा दर्ज की गई। बारिश के कारण तीन सड़कें बंद होने से कई गांव की बड़ी आबादी का संपर्क मुख्यालय से कट गया है। मलबा और बोल्डर आने से ललुवापानी-बनलेख सड़क करीब नौ घंटे तक बंद रही। इस दौरान सड़क के दोनों तरफ वाहनों की कतार लगी रही।
आपदा विभाग के अनुसार बारिश के चलते मंच-तामली, नरसिंह डांडा-भगीना भंडारी और ललुवापानी-बनलेख मोटर मार्ग मलबा, बोल्डर तथा पेड़ गिरने से बंद हो गए। नरसिंह डंडा रोड पर पेड़ गिरने से यहां करीब आठ घंटे तक आवाजाही बंद रही। ललुवापानी बनलेख रोड पर सुबह करीब आठ बजे मलबा आने से इस पर आवाजाही बंद हो गई। शाम करीब पांच बजे मलबे को हटाकर यातायात बहाल किया गया। सड़क बंद होने से दिन भर स्थानीय लोगों और यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
आसपास के कई लोगों ने पैदल ही मुख्य मार्ग तक आवाजाही की। इधर, मंच तामली सड़क पर पेड़ गिरने से यह करीब डेढ़ घंटे तक बंद रही। अग्निशमन की टीम ने पेड़ काटकर सड़क मार्ग यातायात के लिए सुचारु किया। मंगलवार को नगर में सुबह से कभी धूप तो कभी बादल छाए रहे। दोपहर दो बजे बाद अचानक मौसम ने करवट बदली और शाम तक काले बादल छाए रहे। पिछले 24 घंटे में चंपावत में 17 और लोहाघाट में सात मिमी बारिश दर्ज की गई।
आसपास के कई लोगों ने पैदल ही मुख्य मार्ग तक आवाजाही की। इधर, मंच तामली सड़क पर पेड़ गिरने से यह करीब डेढ़ घंटे तक बंद रही। अग्निशमन की टीम ने पेड़ काटकर सड़क मार्ग यातायात के लिए सुचारु किया। मंगलवार को नगर में सुबह से कभी धूप तो कभी बादल छाए रहे। दोपहर दो बजे बाद अचानक मौसम ने करवट बदली और शाम तक काले बादल छाए रहे। पिछले 24 घंटे में चंपावत में 17 और लोहाघाट में सात मिमी बारिश दर्ज की गई।