लोहाघाट के आदर्श कालौनी में अतिक्रम को लेकर जांच करती संयुक्त टीम। संवाद
लोहाघाट (चंपावत)। लोहाघाट के आदर्श कॉलोनी में सरकारी भूमि पर अतिक्रमण और देवदार बनी को नुकसान पहुंचाने वालों पर प्रशासन सख्त हो गया है। प्रशासन की टीम ने आदर्श कॉलोनी में जांच शुरू कर दी है। आदर्श कॉलोनी में सरकारी भूमि में अतिक्रमण, देवदार के पेड़ों के अवैध कटान और सुखाने की सूचना पर एसडीएम नीतू डांगर ने संज्ञान लिया है। मामले में राजस्व, वन विभाग और नगर पालिका की संयुक्त टीम ने निरीक्षण करना शुरू कर दिया है।
एसडीएम ने बताया कि आदर्श कॉलोनी में देवदार के पेड़ों पर नुकसान की शिकायत पर सर्वे शुरू कर दी है। इसमें अभी तक 20 देवदार के पेड़ चिह्नित किए गए हैं। सरकारी भूमि पर अवैध रूप से कब्जा करने वालों को भी चिह्नित किया जा रहा है। बताया कि अतिक्रमण पर राजस्व विभाग कार्रवाई करेगा और देवदार के पेड़ों को नुकसान पहुंचाने वालों पर वन विभाग कार्रवाई करेगा। सर्वे में भूमि के कागज भी देखे जा रहे हैं और देवदार के पेड़ों को नुकसान पहुंचाने वालों को भी चिह्नित कर नोटिस भेजे जाएंगे।
एसडीएम डांगर ने बताया कि यह सर्वे करीब एक सप्ताह तक चलेगी। संयुक्त टीम में नगर पालिका के ईओ सौरभ नेगी, राजस्व निरीक्षक महेंद्र सिंह चौड़िया, राजेंद्र नाथ गोस्वामी, राजस्व उपनिरीक्षक ऋषभ कुमार, अमित सिंह, रवि महर, हिमांशु बिष्ट, वन विभाग के फोरेस्टर नंदा बल्लभ भट्ट, हिमांशु ढेक शामिल हैं।
डेढ़ साल पहले आठ पेड़ों को काटने के मामले का नहीं हुआ खुलासा
लोहाघाट। आदर्श कॉलोनी में डेढ साल पहले वन तस्करों ने खुले आम आठ देवदारों के पेड़ों पर आरी चलाई थी। तब राजस्व, पुलिस, वन विभाग की टीम ने मौके पर जांच भी की। संयुक्त टीम को लकड़ी काटने में उपयोग में लाई गई आरी और लकड़िया बरामद हुईं। वन विभाग ने अज्ञात के खिलाफ पुलिस में तहरीर भी दी, लेकिन डेढ़ साल बीत जाने के बाद मामला ठंडे बस्ते में है।