चंपावत। जिले में भारी वर्षा से फसलों को हुए नुकसान के मद्देनजर डीएम मनीष कुमार की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक की गई। इसमें प्रभावित किसानों को एक सप्ताह के भीतर मुआवजा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
डीएम ने सभी एसडीएम को निर्देशित किया कि अपने-अपने क्षेत्रों में फसल नुकसान का शत-प्रतिशत चिह्नांकन सुनिश्चित करें। साथ ही राहत वितरण की प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाए रखने पर जोर दिया ताकि कोई भी पात्र किसान मुआवजे से वंचित न रहे।
आपदा प्रबंधन के लिए डीएम ने राजस्व कर्मियों की जिम्मेदारी तय करते हुए स्पष्ट समय-सीमा निर्धारित की। उन्होंने निर्देश दिए कि पटवारी छह घंटे, तहसीलदार 12 घंटे और एसडीएम 24 घंटे के भीतर घटनास्थल का निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। वहीं मानव हानि की स्थिति में संबंधित एसडीएम को एक घंटे के भीतर मौके पर पहुंचना अनिवार्य होगा। बैठक में डिजिटल क्रॉप सर्वे और फॉर्मर रजिस्ट्री के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए। इस दौरान एडीएम कृष्ण नाथ गोस्वामी सहित जनपद के सभी तहसीलदार, कानूनगो और पटवारी मौजूद रहे।