उपनल के माध्यम से तैनात संविदा कर्मी उपेक्षा से आजिज आ चुके हैं। संविदा कर्मी संगठन का कहना है कि इन कर्मियों को मिलने वाले मानदेय में 13.5 प्रतिशत रकम कटकर मिलती है। साथ ही 2013 से मानदेय में बढ़ोतरी नहीं हुई है। बैठक के बाद उपनल संविदा कर्मी संगठन ने मामले को विधायक के सम्मुख उठाया तथा ज्ञापन दिया। विधायक हेमेश खर्कवाल ने कर्मियों की समस्या को विधानसभा में उठाने का भरोसा दिलाया।
उपनल संविदा कर्मचारी संगठन के जिलाध्यक्ष रमेश चंद्र सुतेड़ी का कहना है कि उपनल संविदा कर्मी वर्षों से विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन उनका नियमितीकरण नहीं किया जा रहा है, जब तक नियमितीकरण न हो, तब तक उन्हें उपनल के बजाय विभागीय संविदा कर्मी का दर्जा दिया जाए। साथ ही महंगाई के सापेक्ष मानदेय में बढ़ोतरी की जाए। बैठक में कुमाऊं मंडल उपाध्यक्ष पवन कुमार, ललित जोशी, नवीन वाल्मीकि, मनोज चंद्र बिष्ट, लक्ष्मण नाथ गोस्वामी, राकेश फर्त्याल, आनंद अधिकारी, उमा आर्या, देवेंद्र बोहरा, नरेंद्र चम्याल, चंद्रशेखर भट्ट आदि मौजूद थे।